भोपाल। वंदे मातरम के बहस के बीच खजराना वार्ड की पार्षद रुबीना खान को शहर कांग्रेस द्वारा पार्टी से हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इस संबंध में प्रस्ताव प्रदेश कांग्रेस कमेटी को भेजा गया है।
रुबीना खान ने हाल ही में कहा था कि कांग्रेस के अन्य पार्षद उनके साथ नहीं खड़े हुए तो वे औवेसी की पार्टी की सदस्यता ले लेंगी। पार्टी ने इस बयान को अनुशासनहीनता के तौर पर देखा।
शहर कांग्रेस कमेटी ने अपने सभी कार्यक्रमों में वंदे मातरम को गाना अनिवार्य कर दिया है और इससे जुड़ी जानकारी सोशल मीडिया पर भी साझा की गई थी। इसी विषय को लेकर विवाद बढ़ने के बाद अब रुबीना खान के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी शुरू हुई है।
रुबीना खान ने कहा कि पार्टी जो निर्णय लेगी, वह उसे स्वीकार करेंगी और उन्हें इसके बारे में कोई चिंता नहीं है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि “एक बाप की औलाद” वाला बयान गुस्से में कहा गया था।
शहर कांग्रेस के सदस्य चिंटू चौकसे ने कहा कि सभी कार्यक्रमों में वंदे मातरम गाना अनिवार्य है और जो नहीं गाना चाहते, वे कार्यक्रम में शामिल न हों। उन्होंने रुबीना के बयान को व्यक्तिगत बताया और कहा कि इसका कांग्रेस से कोई संबंध नहीं है।
इसी बीच, पार्षद फौजिया अलीम शेख के खिलाफ हिन्दूवादी संगठन ने एमजी रोड थाने में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि वंदे मातरम न गाने से देश का अपमान हुआ है।