बरनाला में कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने पंजाब कांग्रेस कार्यकर्ताओं को एकजुट रहने का पाठ पढ़ाया। उन्होंने नेताओं को स्पष्ट संदेश देते हुए कहा कि टीम प्लेयर बनो, नहीं तो रिजर्व में बैठना पड़ेगा। राहुल ने जोर देकर कहा कि काम केवल टीमवर्क से ही संभव है और कोई भी प्लेयर अकेले मैच नहीं जीत सकता। उन्होंने यह भी कहा कि कोई भी नेता पार्टी से बड़ा नहीं है, और पार्टी की असली शक्ति उसके वर्कर हैं।

रैली अनाज मंडी में आयोजित मनरेगा मजदूर-किसान बचाओ महा रैली के दौरान हुई। कार्यक्रम में पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग, पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत चन्नी, सुखजिंदर सिंह रंधावा, डॉ. राजकुमार वेरका, बरनाला के विधायक कुलदीप सिंह काला ढिल्लों, प्रताप सिंह बाजवा, सुखपाल सिंह खैरा, बीबी राजिंदर कौर भट्ठल, डॉ. धर्मवीर गांधी, गुरजीत सिंह औजला और पूर्व मंत्री व कांग्रेसी विधायक राणा गुरजीत सिंह सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।

राजनीतिक रणनीति के तहत मालवा क्षेत्र को रैली का केंद्र बनाया गया, क्योंकि बरनाला मालवा का प्रमुख केंद्र है। कांग्रेस इस क्षेत्र से अपने राजनीतिक नुकसान को कम करना चाहती है, और राहुल गांधी इसी उद्देश्य से यहां चुनावी हुंकार भरने आए। रैली में उन्होंने मनरेगा संशोधन बिल और अमेरिका-भारत ट्रेड डील के मुद्दों पर केंद्र सरकार को घेरते हुए मजदूरों और किसानों का समर्थन मांगा।

मालवा का पंजाब में राजनीतिक महत्व भी इस रैली की रणनीति में झलकता है। आम तौर पर पंजाब के मुख्यमंत्री इसी क्षेत्र से आते हैं। वर्तमान मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान संगरूर से एमपी और अब धुरी से विधायक हैं, जबकि पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल श्री मुक्तसर साहिब से थे। उनके बेटे व पूर्व उपमुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल भी इसी क्षेत्र से हैं। वर्तमान सीएम के अलावा आम आदमी पार्टी के तीन मंत्री—हरपाल सिंह चीमा, बरिंदर सिंह गोयल और अमन अरोड़ा—और सांसद मीत हेयर भी मालवा क्षेत्र से आते हैं।