कानपुर। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की बेटी को लेकर सोशल मीडिया पर कथित तौर पर आपत्तिजनक टिप्पणी और भ्रामक तस्वीरें प्रसारित किए जाने के मामले में पुलिस ने जांच तेज कर दी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए जाने के बाद पुलिस आरोपितों तक पहुंचने के लिए विभिन्न स्तरों पर प्रयास कर रही है।
मामले में दर्ज एफआईआर के आधार पर साइबर पुलिस ने सोशल मीडिया कंपनी मेटा से संबंधित फेसबुक अकाउंट्स की जानकारी मांगी है। वहीं, आरोपितों में शामिल एक व्यक्ति ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर अपने कृत्य के लिए सार्वजनिक रूप से माफी भी मांगी है।
जानकारी के अनुसार, कुछ दिन पहले इंटरनेट मीडिया पर अखिलेश यादव की बेटी से जुड़ी कथित भ्रामक पोस्ट और तस्वीरें साझा की गई थीं। इसे लेकर समाजवादी पार्टी अधिवक्ता सभा के राष्ट्रीय सचिव प्रवीण यादव ने पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल से शिकायत की थी। शिकायत के आधार पर साइबर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया।
एफआईआर में आरोप लगाया गया है कि सोशल मीडिया पर झूठी और तथ्यहीन सामग्री साझा कर अखिलेश यादव और उनके परिवार की छवि धूमिल करने का प्रयास किया गया। पुलिस ने भरत कुमार पटेल, नागेश्वर सिंह और विनोद कुमार यादव के खिलाफ आईटी एक्ट की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मुख्यमंत्री के निर्देशों के बाद साइबर सेल ने जांच को और तेज कर दिया है। मामले के विवेचक एवं साइबर सेल इंस्पेक्टर दलबीर सिंह की ओर से मेटा के अमेरिका स्थित मुख्यालय को पत्र भेजा गया है। पत्र में संबंधित फेसबुक अकाउंट्स की यूजर आईडी, आईपी एड्रेस और अकाउंट संचालन से जुड़ी अन्य तकनीकी जानकारियां उपलब्ध कराने का अनुरोध किया गया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि तकनीकी जांच के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर भी आरोपितों की तलाश की जा रही है। मुखबिर तंत्र की मदद से उनके ठिकानों की जानकारी जुटाई जा रही है।
इधर, मामले में नामजद नागेश्वर सिंह ने सोशल मीडिया पोस्ट और वीडियो के जरिए माफी मांगी है। उसने स्वीकार किया कि उसने अखिलेश यादव की बेटी को लेकर एक पोस्ट साझा की थी, जिसमें लगाए गए आरोप बाद में भ्रामक पाए गए। उसने कहा कि वास्तविक जानकारी मिलने के बाद पोस्ट हटा दी गई और यदि उसके द्वारा साझा की गई सामग्री से किसी की भावनाएं आहत हुई हैं तो वह इसके लिए क्षमा चाहता है।
सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में भी एक व्यक्ति इसी प्रकार की माफी मांगता दिखाई दे रहा है। दावा किया जा रहा है कि वीडियो में दिख रहा शख्स नागेश्वर सिंह है।
वहीं, दो आरोपितों को हिरासत में लिए जाने की चर्चाएं भी सामने आई हैं। इनमें एक नाम विनोद यादव का बताया जा रहा है। हालांकि, पुलिस अधिकारियों ने फिलहाल किसी गिरफ्तारी की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और जांच जारी होने की बात कही है।