लखनऊ। अयोध्या स्थित राम मंदिर में चढ़ावे को लेकर सामने आए विवाद पर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए कहा कि अयोध्या आने वाले समय में उन लोगों के लिए “कुरुक्षेत्र” साबित होगी, जिन्होंने राजनीति की शुरुआत यहीं से की थी और जिनका राजनीतिक अंत भी यहीं लिखा है।
सपा प्रमुख ने अपने पोस्ट में आरोप लगाया कि मंदिर में चढ़ावे, दान और शिलाओं से जुड़ी कथित अनियमितताओं के बाद श्रद्धालुओं की संख्या पर असर पड़ा है। उन्होंने कहा कि इस पवित्र तीर्थ की गरिमा को कुछ लोगों की वजह से नुकसान पहुंचा है और विवाद सामने आने के बाद जिम्मेदार लोग आमतौर पर सामने नहीं रहते।
उन्होंने यह भी दावा किया कि स्थानीय लोगों में जांच को लेकर डर का माहौल है और वे आशंका जताते हैं कि कहीं उन्हें भी किसी तरह के मामलों में न फंसा दिया जाए। अखिलेश यादव ने जांच की स्थिति पर नियमित जानकारी सार्वजनिक किए जाने की मांग करते हुए कहा कि मौजूदा परिस्थितियों में जनता का भरोसा जांच एजेंसियों पर कमजोर हुआ है। उन्होंने मथुरा से सामने आ रहे कथित अनियमितताओं के मामलों की भी उच्चस्तरीय जांच की मांग की।
एक अन्य पोस्ट में उन्होंने मुख्यमंत्री के हालिया बयान पर टिप्पणी करते हुए तंज कसा। उन्होंने कहा कि पहले किए गए वादों और मौजूदा बयानों में विरोधाभास दिखाई देता है, जिससे जनता में सवाल उठ रहे हैं।
इसी बीच, सपा मुख्यालय पर गुरुवार को बीएससी नर्सिंग के छात्रों ने अपनी समस्याएं पार्टी प्रमुख के सामने रखीं। इसके अलावा मेरठ के अनुष्का पाल हत्याकांड से जुड़े परिजन भी अखिलेश यादव से मिले। सपा प्रमुख ने पीड़ित परिवार के लिए आर्थिक सहायता, एक सदस्य को सरकारी नौकरी और मामले की सीबीआई जांच की मांग उठाई।