गाजीपुर। मुहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने और जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन ने सख्त कदम उठाया है। जिलाधिकारी एवं जिला मजिस्ट्रेट अनुपम शुक्ला ने पूरे जनपद में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू कर दी है, जो 18 जुलाई तक प्रभावी रहेगी।

आदेश के तहत अब जिले में पांच या उससे अधिक लोगों के समूह बनाकर किसी भी प्रकार का प्रदर्शन, जुलूस, धरना, घेराव, नारेबाजी या सार्वजनिक सभा आयोजित करने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।

इसके अलावा बिना प्रशासनिक अनुमति के ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग पर रोक लगाई गई है। रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक लाउडस्पीकर और डीजे बजाने पर भी सख्त पाबंदी लागू रहेगी। प्रशासन ने मुहर्रम के दौरान 10 फीट से ऊंची ताजिया के निर्माण को भी प्रतिबंधित किया है।

सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए आग्नेयास्त्रों के साथ-साथ तलवार, फरसा, चाकू, लाठी-डंडा, ईंट-पत्थर, कांच के टुकड़े और किसी भी प्रकार की विस्फोटक सामग्री लेकर चलने या एकत्र करने पर भी रोक लगाई गई है।

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ताजिया जुलूसों के दौरान डीजे और अन्य ध्वनि उपकरणों की आवाज 60 डेसिबल से अधिक नहीं होनी चाहिए। आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।