बरेली, पीलीभीत और बदायूं समेत आसपास के जिलों में बुधवार को अचानक हुई मूसलाधार बारिश ने लोगों और किसानों की चिंता बढ़ा दी। सुबह से बादल छाए रहे और दोपहर लगभग एक बजे से तेज बारिश शुरू हो गई, जो करीब 30 मिनट तक जारी रही।

शहरों में जलभराव और जनजीवन प्रभावित

बरेली में हुई बारिश के कारण शहर की सड़कों और नालों में पानी भर गया। सेटेलाइट बस अड्डा, जंक्शन और बरेली सिटी यार्ड समेत कई जगहों पर जलभराव के कारण आवागमन प्रभावित हुआ। हाजियापुर इलाके में जलभराव के बीच एक मृतक का जनाजा निकालना पड़ा। यह अप्रैल माह में पहली बार हुई इतनी तेज बेमौसम बारिश थी।

किसानों की चिंता बढ़ी

बेमौसम बारिश से खेती-बाड़ी पर भी असर पड़ा। किसानों का कहना है कि गेहूं और सरसों की कटाई प्रभावित हुई है और खेत में कटी फसल भीगने से खराब होने का खतरा बढ़ गया है। पीलीभीत जिले में खेतों में खड़ी और कटी हुई गेहूं फसल में पानी भरने से नुकसान की संभावना है। कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि यदि मौसम जल्द सुधरा नहीं तो उत्पादन पर असर पड़ सकता है।

मौसम का कारण

मौसम विभाग के विशेषज्ञ अतुल सिंह ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ और पाकिस्तान-पंजाब के पास मंडरा रहे मध्यम क्षोभमंडल की वजह से मौसम में अचानक बदलाव आया है। आने वाले दिनों में इसी वजह से तापमान में गिरावट और हल्की बारिश की संभावना है।

बदायूं और तराई क्षेत्र में भी बारिश का असर

बदायूं जनपद में मंगलवार देर रात से शुरू हुई बारिश बुधवार सुबह तक जारी रही। बेमौसम बारिश से गेहूं, सरसों और दलहनी फसल प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है। ग्रामीण इलाकों में कच्चे रास्तों पर कीचड़ और बिजली आपूर्ति में बाधा के कारण लोग परेशान रहे।