मेरठ। शास्त्रीनगर स्थित सेंट्रल मार्केट में बुधवार को सुप्रीम कोर्ट के आदेश के तहत चल रही सीलिंग कार्रवाई के दौरान काफी तनाव देखने को मिला। आवास विकास परिषद (HDA) की टीम जब बाजार में प्रतिष्ठानों को सील करने पहुंची, तो व्यापारियों और स्थानीय लोगों ने इसका विरोध किया और टीम का घेराव कर दिया। इस दौरान भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए नारेबाजी भी हुई।
व्यापारियों का विरोध और नेता पहुंचे
मौके पर व्यापारी नेता जीतु नागपाल, संयुक्त व्यापार संघ के अध्यक्ष नवीन गुप्ता और नीरज मित्तल सहित कई अन्य व्यापारी मौजूद थे। साहिल प्लाजा को सील करने के विरोध में व्यापारियों ने आवास विकास परिषद के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। इसी बीच समाजवादी पार्टी के विधायक अतुल प्रधान भी सेंट्रल मार्केट पहुंचे और व्यापारियों से बातचीत की।
धरने के दौरान व्यापारी बेहोश
प्रदर्शन के दौरान धरने पर बैठे एक व्यापारी की अचानक तबीयत बिगड़ गई और वह बेहोश हो गया। घटना के बाद अफरा-तफरी मच गई। विधायक अतुल प्रधान ने तुरंत एंबुलेंस मंगवाकर उसे अस्पताल भेजा।
व्यापार संघ ने कार्रवाई पर लगाया आरोप
संयुक्त व्यापार संघ के अध्यक्ष नवीन गुप्ता ने आरोप लगाया कि आवास विकास परिषद और पुलिस की यह कार्रवाई उत्पीड़न के समान है। उनका कहना है कि कई प्रतिष्ठानों को सील किया जा रहा है, जिनमें डॉक्टरों के क्लिनिक और वकीलों के कार्यालय शामिल हैं, जबकि सुप्रीम कोर्ट के आदेश में ऐसी जगहों का उल्लेख नहीं है।
डॉक्टर के क्लिनिक को समय दिया गया
डॉक्टर अशोक गर्ग के क्लिनिक को फिलहाल सील नहीं किया गया। क्लिनिक संचालक ने चिकित्सा उपकरण हटाने के लिए दो घंटे का समय मांगा, जिसके बाद टीम अन्य स्थानों पर कार्रवाई के लिए चली गई।
सात टीमों ने की कार्रवाई
आवास विकास परिषद ने सीलिंग के लिए सात टीमों का गठन किया है, जो पुलिस बल के साथ विभिन्न प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई कर रही हैं।
महिलाओं और परिवारों ने जताया विरोध
कार्रवाई के दौरान कई व्यापारी अपने प्रतिष्ठानों के शटर खुद ही खोलकर अवैध हिस्सों को तोड़ते नजर आए। व्यापारियों का मानना है कि सुप्रीम कोर्ट की कार्रवाई से बचने का यही एकमात्र तरीका है। मौके पर परिवारों की महिलाएं भी भावुक नजर आईं और कई लोग इस कार्रवाई को बेबसी के साथ देखते रहे।