मेरठ: शास्त्रीनगर सेंट्रल मार्केट में एक नर्सिंग होम पर सील लगाने के विरोध और व्यापार संघ द्वारा बुलाए गए मेरठ बंद के समर्थन में शहर के 250 से अधिक प्राइवेट अस्पताल, क्लीनिक और डायग्नोस्टिक सेंटर गुरुवार को पूरी तरह बंद रहेंगे। इनका असर इमरजेंसी और ओपीडी सेवाओं पर भी होगा।
यह निर्णय बुधवार को आइएमए (इंडियन मेडिकल एसोसिएशन) मेरठ शाखा की बैठक में लिया गया। बैठक बच्चा पार्क चौराहे के पास आइएमए सभागार में आयोजित की गई। इसमें सील किए गए गर्ग नर्सिंग होम के संचालक डॉ. अशोक गर्ग, वर्धमान हास्पिटल के डॉ. अभिषेक जैन और डॉ. सौरभ तिवारी ने शहर बंद का समर्थन करने की अपील की।
सील लगाने की प्रतिक्रिया:
डॉ. अशोक गर्ग ने कहा कि नर्सिंग होम को 24 घंटे के भीतर सील कर दिया गया और बिजली कनेक्शन भी काट दिया गया। उन्होंने बताया कि इस कार्रवाई के लिए किसी तरह का मौका नहीं दिया गया। इसके बाद आइएमए मेरठ शाखा के पदाधिकारियों और सदस्यों ने प्राइवेट अस्पतालों, क्लीनिक और डायग्नोस्टिक सेंटर में इमरजेंसी और ओपीडी सेवाएं बंद रखने का निर्णय लिया। इंडियन डेंटल एसोसिएशन ने भी दंत क्लीनिक बंद रखने का समर्थन किया।
सेवा बंदी का समय:
आइएमए अध्यक्ष डॉ. मनीषा त्यागी के अनुसार, सेवाएं गुरुवार सुबह 9 बजे से रात 9 बजे तक बंद रहेंगी। बैठक में आइएमए के सचिव डॉ. विकास गुप्ता, डॉ. आलोक अग्रवाल सहित बड़ी संख्या में चिकित्सक मौजूद रहे।
सरकारी अस्पतालों पर दबाव:
प्राइवेट अस्पताल और क्लीनिक बंद रहने से लाला लाजपत राय मेडिकल कालेज, पीएल शर्मा जिला अस्पताल, महिला जिला अस्पताल और अन्य सीएचसी-पीएचसी में मरीजों की भीड़ बढ़ सकती है। सीएमओ डॉ. अशोक कटारिया ने सभी सरकारी अस्पतालों में चिकित्सक, नर्सिंग स्टाफ और कर्मचारियों को अलर्ट रहने का निर्देश दिया है।
ग्रामीण सीएचसी-पीएचसी के चिकित्साधिकारियों को कहा गया है कि अनावश्यक रूप से केस रेफर न करें और केवल इमरजेंसी मरीजों को ही मेडिकल कालेज या जिला अस्पताल रेफर किया जाए।
मरीज सूचना:
यदि किसी मरीज को परेशानी हो, तो वह निम्न नंबर पर संपर्क कर सकता है:
- सीएमओ: 9897496004
- पीएल शर्मा जिला अस्पताल: 9410609434