मुजफ्फरनगर। जिला पंचायत बोर्ड की अहम बैठक में आगामी वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट और विकास योजनाओं पर विस्तार से मंथन किया गया। बैठक में 52.97 करोड़ रुपये का संतुलित बजट सर्वसम्मति से मंजूर कर लिया गया। हालांकि सीमित संसाधनों के चलते अधिकांश सदस्यों के विकास प्रस्तावों को स्वीकृति नहीं मिल सकी।
बैठक की अध्यक्षता जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. वीरपाल निर्वाल ने की, जबकि सिटी मजिस्ट्रेट सहित अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने आय और व्यय का ब्योरा पेश करते हुए बताया कि उपलब्ध धनराशि के आधार पर ही योजनाओं को प्राथमिकता दी जा सकती है।
सदस्यों ने अपने-अपने क्षेत्रों में सड़क, नाली और स्ट्रीट लाइट जैसी मूलभूत सुविधाओं से जुड़े प्रस्ताव रखे। लेकिन बजट की कमी के कारण अधिकतर प्रस्ताव खारिज कर दिए गए। बैठक के दौरान विभिन्न दलों से जुड़े जनप्रतिनिधियों के प्रस्तावों पर चर्चा हुई, जिनमें से कुछ को अस्वीकार किया गया, जबकि एक मंत्री द्वारा प्रस्तुत प्रस्ताव को सदन ने सहमति दे दी।
इसके अलावा, चुनावी प्रक्रिया से संबंधित अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) शुल्क में बढ़ोतरी का प्रस्ताव भी पारित किया गया। सदस्यों ने इस बात पर जोर दिया कि मौजूदा वित्तीय स्थिति को देखते हुए छोटे और आवश्यक जनहित कार्यों को प्राथमिकता दी जाए।
अध्यक्ष डॉ. निर्वाल ने भरोसा दिलाया कि सभी सुझावों पर गंभीरता से विचार होगा और पारदर्शिता बनाए रखते हुए उपलब्ध संसाधनों के अनुरूप विकास कार्य आगे बढ़ाए जाएंगे।