मुजफ्फरनगर: दो युवतियों द्वारा हिंदू रीति-रिवाज से विवाह किए जाने का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। बरेली और शामली की रहने वाली इन दोनों युवतियों ने एक-दूसरे के साथ जीवन बिताने का फैसला करते हुए मंदिर में विवाह किया। शादी के बाद उन्होंने एक वीडियो जारी कर दावा किया कि यह निर्णय उन्होंने अपनी इच्छा से लिया है और अब परिवार के विरोध के चलते प्रशासन से सुरक्षा की मांग कर रही हैं।

जानकारी के मुताबिक, बरेली जिले के पट्टी भोजपुरी गांव की रहने वाली 22 वर्षीय पायल और शामली के बुटराड़ा गांव निवासी 23 वर्षीय प्रीति की मुलाकात नोएडा में हुई थी। दोनों वहां नौकरी करती थीं। समय के साथ उनकी दोस्ती गहरी हुई और यह रिश्ता प्रेम संबंध में बदल गया। करीब एक साल तक एक-दूसरे के संपर्क में रहने के बाद दोनों ने विवाह करने का निर्णय लिया।


बताया गया कि 23 जून को दोनों मुजफ्फरनगर पहुंचीं, जहां एक मंदिर में हिंदू परंपराओं के अनुसार विवाह संपन्न हुआ। विवाह समारोह में सिंदूरदान और सात फेरों की रस्में भी निभाई गईं। इसके बाद दोनों ने कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के लिए न्यायालय का भी रुख किया।

शादी के बाद सोशल मीडिया पर जारी वीडियो में दोनों युवतियों ने कहा कि उन्होंने बिना किसी दबाव के यह कदम उठाया है। उनका कहना है कि वे अपनी जिंदगी अपने तरीके से जीना चाहती हैं और एक-दूसरे के साथ खुश हैं।

पायल ने वीडियो में कहा कि वह पुरुषों के प्रति आकर्षित नहीं है और अपनी पसंद से प्रीति के साथ रहना चाहती है। उसने बताया कि उसके परिवार को इस विवाह की जानकारी है, लेकिन वे इस रिश्ते को स्वीकार नहीं कर रहे हैं।


वहीं प्रीति ने कहा कि वह परिवार की जिम्मेदारियां निभाने के लिए तैयार है और मेहनत करके घर चलाएगी। उसने यह भी कहा कि उसे हमेशा लड़कों जैसी जीवनशैली पसंद रही है। दोनों ने भविष्य में जरूरत पड़ने पर बच्चा गोद लेने की संभावना भी जताई।

दोनों युवतियों का आरोप है कि उनके रिश्ते को लेकर कुछ परिजन और अन्य लोग विरोध कर रहे हैं, जिससे उन्हें अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता है। इसी वजह से उन्होंने पुलिस प्रशासन से संरक्षण उपलब्ध कराने की मांग की है।