मुजफ्फरनगर में नई मंडी थाना पुलिस द्वारा मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किए गए दो अंतरजनपदीय शातिर अपराधियों को लेकर मंगलवार को पुलिस लाइन सभागार में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा ने प्रेस वार्ता की। इस दौरान उन्होंने दोनों आरोपियों के आपराधिक इतिहास और गिरफ्तारी की पूरी जानकारी साझा की।
एसएसपी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी वकील और परवेज किसी सामान्य अपराध में शामिल नहीं थे, बल्कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में सक्रिय पेशेवर अपराधी हैं। दोनों पर चोरी, लूट, गैंगस्टर एक्ट और पुलिस पर हमले जैसे गंभीर मामलों में शामिल होने के आरोप हैं।

पुलिस के अनुसार, नई मंडी क्षेत्र से हाल ही में एक स्कूटी चोरी हुई थी, जिसकी बरामदगी के लिए पुलिस लगातार प्रयास कर रही थी। जांच के दौरान सूचना मिली कि दोनों आरोपी चोरी की गई उसी स्कूटी पर किसी नई वारदात की योजना बनाते हुए इलाके में घूम रहे हैं। इस पर पुलिस ने सिसौना पुलिया के पास चेकिंग अभियान शुरू किया।
चेकिंग के दौरान दोनों संदिग्ध पुलिस को देखकर भागने लगे और पीछा किए जाने पर गन्ने के खेत में छिपकर पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में दोनों आरोपी घायल हो गए और पुलिस ने उन्हें मौके से दबोच लिया।
एसएसपी ने बताया कि आरोपी परवेज के खिलाफ 30 से अधिक आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें चोरी, लूट, गैंगस्टर एक्ट और आर्म्स एक्ट जैसे मामले शामिल हैं। वहीं वकील के खिलाफ भी हत्या के प्रयास, लूट और चोरी सहित करीब डेढ़ दर्जन गंभीर मुकदमे दर्ज हैं। दोनों लंबे समय से अपराध की दुनिया में सक्रिय रहकर कई जिलों में वारदातों को अंजाम देते रहे हैं।

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो अवैध तमंचे, कारतूस, मोबाइल फोन और चोरी की गई स्कूटी बरामद की है। पूछताछ में दोनों ने स्कूटी चोरी की बात स्वीकार करते हुए बताया कि वे उसी वाहन का इस्तेमाल आगे की वारदातों के लिए करने वाले थे।
एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने कहा कि जिले में सक्रिय पेशेवर अपराधियों के खिलाफ अभियान लगातार जारी है और किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा। साथ ही उन्होंने बताया कि दोनों आरोपियों के नेटवर्क और उनके अन्य साथियों की भी गहन जांच की जा रही है।