अमेठी: रामगंज क्षेत्र के नरहरपुर गांव में शनिवार को ग्राम समाज की जमीन पर डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा लगाए जाने को लेकर विवाद गहरा गया। प्रशासन की ओर से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान ग्रामीणों ने विरोध जताते हुए पथराव कर दिया, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया। इस घटना में तीन पुलिसकर्मी घायल हो गए, जबकि कुछ ग्रामीणों को भी चोटें आईं। हालात बिगड़ते देख पुलिस को हल्का बल प्रयोग करना पड़ा।

जानकारी के अनुसार, नरहरपुर गांव में करीब पांच बिस्वा जमीन ग्राम समाज के सुरक्षित खाते में दर्ज है। इस भूमि का उपयोग पशुओं के शव निस्तारण के लिए किया जाता है। आरोप है कि कुछ लोगों ने इस जमीन पर कब्जा करने के उद्देश्य से पहले मिट्टी डालकर चबूतरा बनाया और उस पर डॉ. अंबेडकर की प्रतिमा स्थापित कर दी।

ग्रामीणों की शिकायत मिलने के बाद नायब तहसीलदार अजय सिंह राजस्व टीम के साथ मौके पर पहुंचे और जमीन की पैमाइश कराई। जांच में भूमि सुरक्षित खाते की पाई गई। इसके बाद प्रशासन ने चबूतरा हटवाकर अतिक्रमण की रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेज दी।

बताया जा रहा है कि शनिवार को कुछ लोगों ने उसी स्थान पर दोबारा चबूतरा बनाकर प्रतिमा स्थापित कर दी। सूचना मिलने पर प्रभारी निरीक्षक कृष्ण मोहन सिंह पुलिस बल के साथ पहुंचे और जेसीबी की मदद से चबूतरा हटवा दिया। प्रतिमा को सम्मानपूर्वक हटाकर सुरक्षित स्थान पर रखवा दिया गया।

हालांकि पुलिस टीम के वापस लौटते ही कुछ लोगों ने फिर से उसी जगह प्रतिमा स्थापित कर दी। दोबारा सूचना मिलने पर एसडीएम अमेठी आशीष सिंह के नेतृत्व में रामगंज, पीपरपुर और संग्रामपुर थानों की पुलिस मौके पर पहुंची। प्रशासन की ओर से प्रतिमा हटाने की कार्रवाई शुरू होते ही भीड़ उग्र हो गई और पथराव शुरू कर दिया।

अचानक हुए इस हमले में तीन पुलिसकर्मी घायल हो गए, जबकि कई ग्रामीण भी जख्मी हुए। हालात काबू में करने के लिए पुलिस ने हल्का बल प्रयोग करते हुए भीड़ को तितर-बितर किया। पुलिस ने इस मामले में 15 लोगों को हिरासत में लिया है। गांव में एहतियात के तौर पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। घटना से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने की भी चर्चा है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।