पटना-गया रेल खंड के नियाजीपुर हॉल्ट के समीप बड़ा ट्रेन हादसा टल गया। बताया जा रहा है कि टेहटा स्टेशनों के बीच मई हॉल्ट के पास बुधवार की शाम अप ट्रैक के ट्रैक्शन तार (हाईटेंशन) पर पेड़ की टहनी टूटकर गिर गई। इस कारण तार टूट गया। इससे अप ट्रैक पर करीब चार घंटे तक ट्रेनों का परिचालन बाधित हो गया। इस कारण यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। 

मेमो पैसेंजर ट्रेन को नियाज़ीपुर हाल्ट पर रोका गया
बताया जाता है कि पटना से गया की ओर जा रही मेमू पैसेंजर ट्रेन तेज रफ्तार से नियाज़ीपुर हॉल्ट पार करने की स्थिति में थी। इस दौरान रेलवे ट्रैक के समीप स्थित पेड़ रेलवे ओवरहेड तार (25000 वोल्ट) गुजरती है। उससे टकरा रही थी और आवाज कर रही थी। इसकी सूचना पास के गुमटी मैन को आसपास के लोगों ने दिया। इसके बाद आसपास के लोगों ने टॉर्च में लाल गमछी बांधकर गया की ओर जा रहे मेमो पैसेंजर ट्रेन को नियाज़ीपुर हाल्ट पर रुकवाया। अगर ट्रेन पास करती तो बड़ी हादसा सकता था।

ओवरहेड वायर के पास पेड़ से चिंगारी निकल रही थी
प्रत्यक्ष दर्शियों ने बताया कि जो हालात पैदा हुआ था कि उस समय हम लोगों को लग रहा था कि अब क्या करें। ओवरहेड वायर के पास पेड़ से चिंगारी निकल रही थी और आवाज हो रही थी। इस दौरान हमलोग पास के गुमटी मैन को रविंद्र कुमार जो नाम है कि उनको सूचना दिया। इसके बाद हम लोग टॉर्च में लाल गमछी लपेटकर गया की ओर जा रही मेमो पैसेंजर ट्रेन को रुकवाया।

इधर, इस घटना की सूचना पाकर आरपीएफ के अलावे रेलवे टेक्नीशियन की टीम ओवरहेड तार को मरम्मत करने के लिए पहुंच गई है। इस संबंध में आरपीएफ के इंस्पेक्टर अर्जुन यादव का कहना है कि नियाज़ीपुर हॉल्ट के पास हायटेंशन तार के ऊपर पेड़ की टहनी गिर गई। आसपास के लोग काफी मशक्कत के बाद ट्रेन को रुकवाया। उन्होंने बताया कि ट्रेन का परिचालन सुचारू रूप से करने के लिए रेल प्रशासन लगी हुई है। जब ओवरहेड तार का कार्य प्रारंभ हो जाएगा और कंप्लीट होगा तो रेलवे परिचालन प्रारंभ कर दी जाएगी।