अंबिकापुर–कटघोरा राष्ट्रीय राजमार्ग-130 को फोरलेन में बदलने की योजना में अब अहम बदलाव किए गए हैं। नई व्यवस्था के तहत लखनपुर नगर के लिए बायपास का प्रावधान शामिल किया जाएगा। इसके साथ ही लेमरू हाथी प्रोजेक्ट क्षेत्र को ध्यान में रखते हुए वन्यजीवों के अनुकूल सड़क संरचना भी विकसित की जाएगी।

यह संशोधन पूर्व उपमुख्यमंत्री टी.एस. सिंहदेव द्वारा केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को भेजे गए सुझावों के बाद किया गया है। इस फोरलेन परियोजना को पहले ही स्वीकृति मिल चुकी है और इसकी विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार करने का काम जारी है। यह मार्ग सरगुजा, सूरजपुर और कोरबा जिलों के घने वन क्षेत्रों से होकर गुजरता है, जिसमें लेमरू हाथी प्रोजेक्ट का संवेदनशील इलाका भी शामिल है।

लखनपुर नगर में बायपास की व्यवस्था न होने के कारण अब तक भारी वाहनों का दबाव सीधे शहर के भीतर से गुजरता है, जिससे दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है। इसी समस्या को देखते हुए यह नया बदलाव प्रस्तावित किया गया है। सिंहदेव ने 8 मार्च को भेजे अपने पत्र में इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया था।

उन्होंने लेमरू क्षेत्र में वन्यजीव संरक्षण को ध्यान में रखते हुए सड़क निर्माण के लिए भारतमाला परियोजना जैसे मानकों को अपनाने और पर्याप्त संख्या में अंडरपास बनाने का सुझाव भी दिया था, ताकि हाथियों सहित अन्य वन्यजीवों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित हो सके।

राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग ने इन सुझावों को गंभीरता से लेते हुए 20 अप्रैल को DPR तैयार कर रही एजेंसी को आवश्यक संशोधन करने के निर्देश जारी किए हैं। संशोधित रिपोर्ट जल्द ही प्रस्तुत करने को कहा गया है। विभाग ने इस संबंध में पूर्व उपमुख्यमंत्री टी.एस. सिंहदेव को भी अवगत करा दिया है। सिंहदेव ने इस पहल के लिए केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के प्रति आभार व्यक्त किया है।