लोहरदगा, पलामू, चतरा और गुमला में पिछले 24 घंटों के दौरान वज्रपात (आकाशीय बिजली) ने कहर बरपाया है। अलग-अलग घटनाओं में कुल पांच लोगों की मौत हो गई, जबकि आठ लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। मृतकों में तीन महिलाएं, एक किशोरी और एक 12 वर्षीय बालक शामिल हैं।

सबसे ज्यादा असर लोहरदगा जिले में देखने को मिला, जहां बिजली गिरने की दो अलग-अलग घटनाओं में दो महिलाओं की जान चली गई और आठ लोग झुलसकर घायल हो गए।

लोहरदगा में दो महिलाओं की मौत, कई घायल

लोहरदगा जिले के कुडू और बगडू थाना क्षेत्रों में शुक्रवार को हुई घटनाओं में घूरती उरांव (48), निवासी सलगी कोलपारा, और असीदा खातून (40), निवासी चरहू गांव की मौत हो गई।

जानकारी के अनुसार, घूरती उरांव खेत में काम कर रही थीं, तभी अचानक वज्रपात हुआ और उनकी मौके पर ही मौत हो गई। वहीं असीदा खातून बकरियां चराने गई थीं, तभी बिजली गिरने की चपेट में आ गईं।

इन घटनाओं में करमा उरांव सहित कुल आठ लोग घायल हुए हैं, जिनका इलाज सदर अस्पताल में चल रहा है। पुलिस ने दोनों शवों का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है।

पलामू में वृद्ध महिला और बच्चे की मौत

पलामू जिले के पांकी थाना क्षेत्र में वज्रपात से दो लोगों की मौत हो गई। ढूब गांव की 60 वर्षीय चिंता कुंवर नदी किनारे गाय की देखरेख कर रही थीं, तभी बारिश से बचने के लिए पेड़ के नीचे खड़ी हुईं और उसी दौरान बिजली गिर गई।

इसी तरह उकसू गांव के 12 वर्षीय कनेश कुमार की भी वज्रपात की चपेट में आने से मौत हो गई, जब वह गाय बांधने जा रहा था।

चतरा और गुमला में भी हादसे

चतरा जिले के लावालौंग प्रखंड के रिमी गांव में किशोरी पूजा कुमारी की बिजली गिरने से मौत हो गई। वह आम के बगीचे के पास मौजूद थी, तभी तेज गर्जना के साथ वज्रपात हुआ।

गुमला जिले के रायडीह प्रखंड के रमजा गांव में 31 वर्षीय दीपक सिंह बाजार से लौटते समय बारिश में फंस गए और बिजली गिरने से गंभीर रूप से घायल हो गए। अस्पताल में डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।