मुंबई: महाराष्ट्र के बंदरगाह विकास मंत्री और भाजपा नेता नितेश राणे ने बुधवार को मदरसों को आतंकवादी गतिविधियों के लिए संभावित केंद्र बताते हुए राज्य सरकार से इन्हें बंद करने का अनुरोध करने की बात कही। राणे ने विधानसभा भवन परिसर में पत्रकारों से बातचीत के दौरान एक वायरल वीडियो का हवाला दिया, जिसमें कथित रूप से एक मौलवी छात्र को पीटते हुए दिखाई दे रहा है।
राणे ने कहा, “आपने बच्चों को पीटते हुए मौलवी का वीडियो देखा। यह सावंतवाड़ी का है, मेरा गृह जिला और मैं इसका पालक मंत्री भी हूं। जल्द ही आपको पता चल जाएगा कि उसके खिलाफ क्या कार्रवाई की जाएगी।” राणे सिद्धूदुर्ग जिले के कंकावली विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं।
मदरसों की आवश्यकता पर उठाए सवाल
राणे ने मदरसों की आवश्यकता पर भी सवाल खड़ा किया और कहा, “मदरसों की जरूरत ही क्यों है? ये आतंकवाद के गढ़ बन गए हैं। यहीं से कई आतंकवादी तैयार होते हैं। अगर कोई कुरान पढ़ना चाहता है, तो इसके लिए मस्जिदें हैं।” उन्होंने यह भी दावा किया कि कुछ मदरसों में कभी-कभी हथियार पाए जाते हैं और बच्चों की पिटाई जैसी घटनाएं भी सामने आती हैं।
अबू आसिम आजमी का रुख
इन टिप्पणियों पर समाजवादी पार्टी के नेता अबू आसिम आजमी ने प्रतिक्रिया दी और कहा कि भारत के किसी भी मदरसे में आतंकवादी गतिविधि नहीं होती। उन्होंने कहा, “अगर वे चाहें तो मदरसों में सीसीटीवी कैमरे लगाकर निरीक्षण कर सकते हैं। वहां रहने, खाने-पीने की व्यवस्था की जा सकती है। मैं विश्वास के साथ कह सकता हूं कि किसी तरह की आतंकवादी गतिविधि सामने नहीं आएगी।”