बिजनौर: अफजलगढ़ क्षेत्र के गांव उधोवाला के पास राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे वन विभाग द्वारा रेस्क्यू किए गए घायल गुलदार की बुधवार सुबह लगभग चार बजे मौत हो गई। बताया जा रहा है कि रेस्क्यू के दौरान गुलदार ने वनकर्मियों पर हमला भी किया था, जिसमें एक वन रक्षक घायल हो गया।
खेत में मिला था घायल गुलदार
जानकारी के अनुसार, मंगलवार को गांव के पास अशोक के खेत में ग्रामीणों ने एक घायल गुलदार देखा था, जिसके बाद तुरंत वन विभाग को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची टीम ने ट्रैक्टर पर जाल लगाकर गुलदार को पकड़ने की कोशिश की। इसी दौरान अचानक स्थिति बिगड़ गई और ट्रैक्टर से गिरने के कारण वन रक्षक मुजीबुर्रहमान और विवेक कुमार चोटिल हो गए। इस दौरान गुलदार ने मुजीबुर्रहमान पर हमला कर दिया।
पिंजरे में बंद कर वन चौकी लाया गया था
वन विभाग की टीम ने मंगलवार शाम करीब साढ़े छह बजे गुलदार को रेस्क्यू कर पिंजरे में कैद किया और उसे पीली डैम वन चौकी ले जाया गया। बताया गया कि गुलदार पहले से ही घायल था और रात होने के कारण उसका तत्काल उपचार नहीं हो सका। सुबह इलाज की तैयारी थी, लेकिन बुधवार तड़के उसकी मौत हो गई।
नगीना रेंजर Pradeep Sharma ने बताया कि गुलदार के शव का पोस्टमार्टम पशु चिकित्सकों के पैनल द्वारा कराया जाएगा। इसके बाद उच्चाधिकारियों के निर्देशानुसार अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
घायल वनकर्मी की हालत में सुधार
रेस्क्यू के दौरान घायल हुए वन रक्षक मुजीबुर्रहमान को बिजनौर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के बाद उनकी हालत में सुधार होने पर उन्हें घर भेज दिया गया है।
सलावत नगर में गुलदार की लगातार दहशत
उधर, सलावत नगर क्षेत्र के आम के बाग में गुलदार की लगातार मौजूदगी से ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि गुलदार कई बार दिखाई दे चुका है और अब तक कुछ लोगों पर हमला कर उन्हें घायल भी कर चुका है।
ग्रामीण खुर्शीद, अजहर, मोहम्मद इदरीश, दिलशाद और कुतुबुद्दीन सहित कई लोगों ने बताया कि गुलदार अक्सर बाग के आसपास घूमता देखा गया है और शिकार की तलाश में रहता है। कुछ दिन पहले भी उसने मोहम्मद इदरीश उर्फ बुला पर हमला कर उन्हें घायल कर दिया था।
ग्रामीणों ने वन विभाग से इलाके में पिंजरा लगाकर गुलदार को पकड़ने की मांग की है। इस पर वन विभाग की ओर से गश्त बढ़ाने और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।