बिजनौर। दुबई में रहने वाले मेरठ निवासी आकिब खान का आतंकवादी कनेक्शन एटीएस की जांच में सामने आने के बाद बिजनौर पुलिस में हड़कंप मच गया। इससे पहले बिजनौर पुलिस ने आकिब को वीडियो कॉल पर दिए गए अपने बयान के आधार पर क्लीनचिट दे दी थी। मामले में तत्कालीन थानाध्यक्ष को निलंबित कर दिया गया है, जबकि सीओ नजीबाबाद को सर्किल से हटाया गया है।
घटना का क्रम
नांगल सोती थाना क्षेत्र के गांव सौफतपुर निवासी मैजुल, जो पिछले तीन साल से साउथ अफ्रीका में सैलून का काम करता है, पिछले साल नवंबर में एक वीडियो कॉल के माध्यम से चार लोगों से जुड़ा। इस कॉल में आकिब खान ने एके-47 और हैंड ग्रेनेड का प्रदर्शन किया।
वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने पर नांगल बिजनौर पुलिस ने 23 नवंबर को मैजुल, आकिब खान और एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की। तत्कालीन थानाध्यक्ष सत्येंद्र सिंह मलिक ने मैजुल से संपर्क साधा और आकिब से वीडियो कॉल पर बात की।
वीडियो कॉल में दिया गया बयान
वीडियो कॉल में आकिब ने एके-47 को खिलौना बताया और हैंड ग्रेनेड को परफ्यूम की बोतल बताकर खुद को निर्दोष साबित करने की कोशिश की। पुलिस ने उसके इस बयान पर विश्वास कर मामला फाइलन रिपोर्ट तक पहुंचा दिया और दोनों को क्लीनचिट दे दी।
एटीएस की जांच में सच सामने आया
हाल ही में एटीएस ने मेरठ और दुबई से जुड़े चार संदिग्ध आतंकियों को गिरफ्तार किया। जांच में पता चला कि आकिब खान का आतंकी कनेक्शन है और वह दुबई में रहकर संदिग्ध गतिविधियों में शामिल था। एटीएस के खुलासे के बाद बिजनौर पुलिस में हड़कंप मच गया, क्योंकि पहले की जांच में कोई आतंकी लिंक सामने नहीं आया था।
पुलिस अधिकारियों पर कार्रवाई
इस मामले में लापरवाही बरतने पर एसपी अभिषेक झा ने तत्कालीन थानाध्यक्ष सत्येंद्र मलिक को निलंबित कर दिया है और सीओ नजीबाबाद नितेश प्रताप सिंह को सर्किल से हटा दिया गया है।