मेरठ: सरधना थाना क्षेत्र के कपसाड़ गांव में दलित महिला सुनीता की हत्या और उनकी बेटी रूबी के अपहरण से जुड़े मामले में रविवार शाम न्यायिक प्रक्रिया आगे बढ़ी। पुलिस ने अपहृत रूबी को एसीजेएम कोर्ट में पेश किया, जहां करीब 50 मिनट तक उसके बयान दर्ज किए गए। यह बयान सीलबंद लिफाफे में तैयार कर केस के विवेचक को सौंपे जाएंगे। वहीं, मुख्य आरोपी पारस सोम की पेशी सीजेएम कोर्ट में अभी शेष है।
बताया गया कि मेरठ जिले के कपसाड़ गांव में पारस सोम ने अपने साथियों के साथ मिलकर सुनीता की हत्या कर दी थी और घटना के बाद उनकी बेटी रूबी को अगवा कर लिया था। घटना के बाद से क्षेत्र में तनाव का माहौल बना हुआ था। शनिवार देर शाम पुलिस ने मुख्य आरोपी पारस सोम को गिरफ्तार कर लिया।
मेरठ और सहारनपुर पुलिस की संयुक्त कार्रवाई के तहत अपहृत युवती रूबी को हरिद्वार से सकुशल बरामद किया गया। एसएसपी डॉ. विपिन ताड़ा ने बताया कि आरोपी पारस सोम को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी, ताकि पूरे घटनाक्रम से जुड़े अहम तथ्यों का खुलासा हो सके।
मेडिकल परीक्षण कराया गया
रविवार को रूबी का जिला अस्पताल में मेडिकल परीक्षण कराया गया। वहीं आरोपी पारस सोम का मेडिकल चेकअप अभी कराया जाना है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, इस मामले में रूबी की गवाही बेहद अहम मानी जा रही है, क्योंकि आरोप है कि उसकी आंखों के सामने ही उसकी मां की हत्या की गई थी।
गोपनीय तरीके से हुई पेशी
शुरुआत में यह माना जा रहा था कि दोनों की पेशी सीजेएम कोर्ट में होगी। इस सूचना के चलते सीजेएम कोर्ट परिसर के बाहर मीडिया की मौजूदगी बढ़ गई थी। हालांकि पुलिस ने रणनीति बदलते हुए रूबी को चुपचाप एसीजेएम द्वितीय की अदालत में पेश किया। बयान दर्ज होने के बाद पुलिस रूबी को अपने साथ ले गई। उसके बयान सीलबंद कर दिए गए हैं, जिन्हें केवल विवेचक को सौंपा जाएगा।