मेरठ के दौराला क्षेत्र में एक चौंकाने वाला पेंशन घोटाला सामने आया है। मामला इतना गंभीर है कि एक मृत महिला को जीवित दिखाकर वर्षों तक लाखों रुपये की पेंशन निकाली जाती रही। बैंक प्रबंधन की शिकायत और कोर्ट के आदेश के बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सात वर्षों तक चलता रहा खेल
थाना दौराला क्षेत्र के शाहपुर जदीद गांव की निवासी शांति देवी का पेंशन खाता सकौती टांडा स्थित भारतीय स्टेट बैंक शाखा में संचालित था। महिला की मृत्यु 9 दिसंबर 2018 को हो चुकी थी। आरोप है कि उनके पुत्र प्रेम सिंह ने अज्ञात साथियों के साथ मिलकर कूटरचित दस्तावेज तैयार किए और महिला को जीवित दिखाकर लगातार सात वर्षों तक पेंशन की राशि निकालता रहा।
फर्जी प्रमाण पत्र से बैंक को किया गुमराह
प्राथमिकी के अनुसार आरोपी ने फर्जी जीवित प्रमाण पत्र बनाकर बैंक अधिकारियों को गुमराह किया। इसके जरिए एटीएम और डिजिटल माध्यमों से करीब 44,38,096 रुपये खाते से निकाले गए।
कोर्ट के आदेश पर दर्ज हुआ मुकदमा
इस घोटाले की जानकारी उपजिलाधिकारी सरधना के पत्र के बाद सामने आई। बैंक प्रबंधन ने 27 नवंबर 2025 को थाने में शिकायत दी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं होने पर न्यायालय का सहारा लिया गया। कोर्ट के आदेश के बाद पुलिस ने प्रेम सिंह और उसके अज्ञात साथियों के खिलाफ धोखाधड़ी और कूटरचना समेत विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया।
क्षेत्राधिकारी का बयान
क्षेत्राधिकारी ने बताया कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।