मुजफ्फरनगर। पुलिस लाइन सभागार में मंगलवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने मोबाइल टॉवरों से करोड़ों रुपये के उपकरण चोरी करने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह का खुलासा किया। पुलिस ने बुढाना थाना क्षेत्र में मुठभेड़ के बाद 15 हजार रुपये के इनामी समेत चार शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई के दौरान एक आरोपी पुलिस की जवाबी फायरिंग में घायल हो गया।

एसएसपी ने बताया कि 8 और 9 मई की रात बुढाना क्षेत्र में मोबाइल टॉवर से आरआरयू यूनिट चोरी होने की घटना सामने आई थी। इस मामले में मुकदमा दर्ज कर पुलिस टीमों को जांच में लगाया गया था। मंगलवार को पुलिस को सूचना मिली कि चोरी की वारदातों में शामिल गिरोह विज्ञाना रोड के रास्ते से गुजरने वाला है, जिसके बाद चेकिंग अभियान शुरू किया गया।


मुठभेड़ के बाद गिरफ्तारी

एसएसपी के अनुसार, संदिग्ध स्विफ्ट डिजायर कार को रोकने का प्रयास किया गया तो बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में तीन आरोपियों को मौके से पकड़ लिया गया, जबकि एक आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया। बाद में कॉम्बिंग के दौरान पुलिस और फरार आरोपी के बीच दोबारा मुठभेड़ हुई, जिसमें इरफान मलिक पैर में गोली लगने से घायल हो गया।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान

पुलिस ने जिन चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, उनकी पहचान इरफान मलिक (लिसाड़ी गेट, मेरठ), फैजान उर्फ सानू (हुसैनपुर कला, बुढाना), इस्लामुद्दीन (समर गार्डन, मेरठ) और कामिल (जाहिदपुर, लोहियानगर, मेरठ) के रूप में हुई है।

भारी मात्रा में उपकरण बरामद

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लगभग 1 करोड़ 10 लाख रुपये मूल्य की 20 आरआरयू यूनिट बरामद की हैं। इनमें 11 यूनिट जियो और 9 एयरटेल कंपनी की बताई जा रही हैं। इसके अलावा दो तमंचे, कारतूस और वारदात में इस्तेमाल स्विफ्ट डिजायर कार भी बरामद की गई है।

कई राज्यों में फैला था नेटवर्क

पूछताछ में आरोपियों ने मुजफ्फरनगर, मेरठ, हापुड़, गाजियाबाद और बागपत सहित कई जिलों में मोबाइल टॉवरों से चोरी की घटनाओं को अंजाम देने की बात स्वीकार की है। गिरोह चोरी किए गए उपकरणों को 1.5 से 2 लाख रुपये प्रति यूनिट के हिसाब से बेचता था। मुख्य आरोपी इरफान मलिक पहले भी असम में इसी तरह के मामलों में जेल जा चुका है।

आगे की कार्रवाई

एसएसपी ने बताया कि पूरे गिरोह के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट सहित अन्य सख्त धाराओं में कार्रवाई की जाएगी। साथ ही इस सफल पुलिस कार्रवाई के लिए टीम को 20 हजार रुपये का नकद पुरस्कार देने की घोषणा भी की गई है।