मुजफ्फरनगर। जिले में भीषण गर्मी का असर लगातार बढ़ता जा रहा है। मंगलवार को तापमान 42 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया, जबकि गर्म हवाओं और तेज धूप के कारण लोगों को 45 डिग्री सेल्सियस जैसी तपिश महसूस हुई। लू के थपेड़ों ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है, जिससे दोपहर के समय शहर की सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा।

तेज धूप और गर्म हवाओं के चलते लोग केवल जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकल रहे हैं। करीब 16 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही हवाएं भी राहत देने के बजाय गर्म होकर लू का रूप ले रही हैं, जिससे हालात और मुश्किल हो गए हैं। कई इलाकों में एसी और कूलर भी प्रभावी राहत देने में नाकाम साबित हो रहे हैं।


बाहर निकलना हुआ मुश्किल

गर्मी से बचाव के लिए दोपहिया वाहन चालक सिर और चेहरे को कपड़े, गमछे या साफे से ढककर सफर कर रहे हैं। वहीं महिलाएं और युवतियां भी चेहरे को ढककर ही बाहर निकलने को मजबूर हैं। बाजारों और चौराहों पर दोपहर के समय सामान्य दिनों की तुलना में भीड़ काफी कम नजर आ रही है।

ठंडे पेय पदार्थों की बढ़ी मांग

भीषण गर्मी के बीच ठंडे पेय पदार्थों की बिक्री में तेजी आई है। आइसक्रीम, कोल्ड ड्रिंक, शिकंजी और अन्य शीतल पेयों की दुकानों पर लोगों की भीड़ देखी जा रही है। खासकर बेल के जूस की मांग में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, जिसे लोग गर्मी से राहत पाने के लिए प्राथमिकता दे रहे हैं।

स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सलाह

डॉक्टरों ने लोगों को दोपहर के समय अनावश्यक रूप से बाहर न निकलने, पर्याप्त मात्रा में पानी पीने और लू से बचाव के उपाय अपनाने की सलाह दी है। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले कुछ दिनों तक गर्मी से राहत मिलने की संभावना कम ही बनी हुई है।