गुरुवार को शेयर बाजार में शुरुआत में भारी गिरावट देखने को मिली, लेकिन मध्य सत्र में निवेशकों की सक्रिय खरीदारी और आईटी शेयरों में तेजी के चलते सेंसेक्स और निफ्टी दोनों सूचकांक हरे निशान में बंद हुए। इसी दौरान रुपया भी डॉलर के मुकाबले मजबूत हुआ और बीते 13 वर्षों में एक दिन की सबसे बड़ी बढ़त दर्ज की। रुपया डॉलर के मुकाबले 93.10 रुपये के स्तर पर बंद हुआ।
सेंसेक्स और निफ्टी में वापसी
शुरुआती कारोबार में बीएसई सेंसेक्स 1,588.51 अंक गिरकर 71,545.81 के अंतर-दिन के निचले स्तर पर पहुंच गया। लेकिन आगे चलकर सेंसेक्स में 185.23 अंक (0.25%) की तेजी दर्ज हुई और यह 73,319.55 पर बंद हुआ। वहीं, एनएसई निफ्टी 33.70 अंक (0.15%) बढ़कर 22,713.10 के स्तर पर समाप्त हुआ।
आईटी क्षेत्र की प्रमुख कंपनियों जैसे एचसीएल टेक्नोलॉजीज, टेक महिंद्रा, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज और इंफोसिस में करीब 3 प्रतिशत तक की बढ़त आई। इसके अलावा मारुति सुजुकी, ट्रेंट, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, बजाज फाइनेंस, एचडीएफसी बैंक और आईटीसी भी लाभ कमाने वालों में शामिल रहे।
हालांकि सेंसेक्स में इटरनल, एशियन पेंट्स, सन फार्मास्युटिकल्स, एनटीपीसी, पावरग्रिड, एसबीआई, रिलायंस इंडस्ट्रीज, इंडिगो, अल्ट्राटेक सीमेंट और अदानी पोर्ट्स के शेयर पीछे रह गए। क्षेत्रीय सूचकांकों में आईटी और सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र ही ऐसे रहे, जहाँ 2 प्रतिशत तक की तेजी दर्ज हुई।
एशियाई और यूरोपीय बाजारों में गिरावट
एशियाई बाजारों में गुरुवार को गिरावट रही। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 4.47%, जापान का निक्केई 225 2.40%, शंघाई का एसएसई कंपोजिट 0.74% और हांगकांग का हैंग सेंग 0.70% गिरा।
यूरोपीय बाजारों में भी कमजोरी रही। जर्मनी का डीएएक्स 1.32% और पेरिस का सीएसी 40 0.80% गिर गया। लंदन का एफटीएसई 100 स्थिर रहा। वहीं, अमेरिकी बाजार में बुधवार को मजबूत तेजी देखी गई। वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 7.18% बढ़कर 108.42 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था।
विदेशी और घरेलू निवेशकों की गतिविधियाँ
बाजार आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने बुधवार को 8,331.15 करोड़ रुपये के शेयर बेचे, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (डीआईआई) ने 7,171.80 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे। बुधवार को सेंसेक्स 1,186.77 अंक बढ़कर 73,134.32 और निफ्टी 348 अंक चढ़कर 22,679.40 पर बंद हुआ।