कोलकाता में तृणमूल कांग्रेस (TMC) सुप्रीमो और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के खिलाफ एक नया कानूनी मामला दर्ज होने से राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। हेयर स्ट्रीट थाने में उनके खिलाफ FIR दर्ज की गई है, जिसमें आरोप है कि 2026 के एक राजनीतिक भाषण के दौरान उन्होंने कथित रूप से सांप्रदायिक टिप्पणी की थी।
FIR दर्ज होने से बढ़ी सियासी गर्मी
शिकायत दर्ज होने के बाद राज्य की राजनीति में नई बहस शुरू हो गई है। आरोपों के मुताबिक, यह मामला उनके एक सार्वजनिक भाषण से जुड़ा है, जिसे लेकर आपत्ति जताई गई है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
TMC में लगातार राजनीतिक अस्थिरता के आरोप
इसी बीच तृणमूल कांग्रेस के भीतर असंतोष और टूट की खबरें भी सामने आ रही हैं। हाल के दिनों में कई नेताओं द्वारा पार्टी से दूरी बनाने की चर्चा ने ममता बनर्जी की राजनीतिक मुश्किलें और बढ़ा दी हैं।
राज्यसभा सांसदों के इस्तीफों से बढ़ा दबाव
पिछले कुछ दिनों में चार राज्यसभा सांसदों के इस्तीफे की खबरों ने भी राजनीतिक माहौल को गरमा दिया है। इनमें सुखेंदु शेखर राय, सुष्मिता देव, प्रकाश चिक बड़ाईक और अभिनेत्री-सांसद कोयल मल्लिक के नाम सामने आए हैं।
कुल 19 सांसदों के पार्टी छोड़ने का दावा
सूत्रों के अनुसार, लोकसभा और राज्यसभा को मिलाकर अब तक करीब 19 सांसदों के TMC से अलग होने की बात सामने आ चुकी है। इससे पार्टी की आंतरिक स्थिति को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे हैं।