अमेरिका के स्कूल में घुसे बंदूकधारी का पिता ने किया सामना, ट्रंप ने की तारीफ

HIGHLIGHTS
- पुलिस के अनुसार, उन्होंने कानूनी रूप से रखी गई .40-कैलिबर पिस्तौल से गोली चलाई।
- अमेरिकी अध्ययन में 2000 से 2025 के बीच हुई 634 घटनाओं का विश्लेषण किया गया।
- टेक्सास में स्कूलों की सुरक्षा के लिए प्रशिक्षित कर्मचारियों को हथियार रखने की अनुमति देने वाला कार्यक्रम 2013 में शुरू हुआ।
अमेरिका में स्कूलों में गोलीबारी की घटनाओं के बीच ओरेगन राज्य के एक स्कूल में एक पिता ने अपनी बेटियों के स्कूल में घुसे बंदूकधारी किशोर का सामना किया। इस हमले में तीन छात्रों और एक शिक्षक की मौत हो गई। घटना के दौरान पिता ने अपनी बंदूक से हमलावर पर गोली चलाई। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को पिता के इस कदम की तारीफ की।
स्कूल में गोलीबारी के दौरान पिता ने उठाया कदम
अमेरिका के ओरेगन राज्य के बेंड शहर स्थित सिल्वर रेल एलीमेंट्री स्कूल में गोलीबारी के दौरान 36 वर्षीय केलुब जियामैंको ने हस्तक्षेप किया। वह पेशे से बढ़ई हैं और दो बेटियों के पिता हैं। उनकी मां केंडा फ्रीमैन ने बताया कि गोलीबारी शुरू होने के बाद उनके बेटे ने हमलावर का सामना किया।
पुलिस प्रमुख माइक क्रांट्ज के मुताबिक, जियामैंको की .40-कैलिबर पिस्तौल कानूनी रूप से उनके वाहन में रखी हुई थी। वह स्कूल के अंदर गए, जहां उन्होंने गोलियों की आवाज सुनी और एक शिक्षक को हमलावर से जूझते देखा। इसके बाद उन्होंने अपनी बंदूक से गोली चलाई।
ट्रंप ने पिता के कदम की तारीफ की
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान जियामैंको की सराहना की। उन्होंने कहा, "यह एक भयानक घटना है, लेकिन शुक्र है कि वहां एक ऐसा व्यक्ति था, जिसके पास बंदूक थी और वह उसका इस्तेमाल करना जानता था।"
इस हमले में तीन छात्रों और एक शिक्षक की मौत हुई। अमेरिका में ऐसी घटनाओं के दौरान किसी आम नागरिक का हथियार लेकर हमलावर का सामना करना दुर्लभ माना जाता है। हालांकि, इस घटना ने एक बार फिर इस सवाल पर चर्चा शुरू कर दी है कि पुलिस के पहुंचने से पहले आम नागरिक की भूमिका कितनी अहम हो सकती है।
क्या आम नागरिक हमलावरों को रोकने में मदद कर सकते हैं?
2000 से 2025 के बीच अमेरिका में हमलों की 634 घटनाओं का अध्ययन किया गया। इसमें बंदूक, धारदार हथियार या वाहनों का इस्तेमाल करके किए गए हमले शामिल थे। अध्ययन के मुताबिक, इनमें से 374 घटनाएं पुलिस के पहुंचने से पहले ही समाप्त हो गईं।
इनमें 29 मामलों में हथियारबंद आम नागरिकों ने हमलावर को गोली मारकर रोका, जबकि 31 घटनाओं में नागरिकों ने दूसरे तरीकों से हमलावर को काबू किया। इन तरीकों में हमलावर को जमीन पर गिराना या उसका हथियार छीनना शामिल था।
अध्ययन केंद्र के प्रवक्ता जेम्स कीथ के मुताबिक, ऐसे लोग समझते हैं कि पुलिस के पहुंचने से पहले हमले को रोकने का शायद वही एकमात्र रास्ता हों।
अमेरिका में हथियार रखने के समर्थन में क्या तर्क दिए जाते हैं?
अमेरिका में बंदूक रखने के अधिकार का समर्थन करने वाले लोगों का तर्क है कि जिम्मेदार नागरिक हथियार के जरिए हमले के दौरान अपनी और दूसरों की रक्षा कर सकते हैं। कुछ मामलों में हस्तक्षेप करने वाले लोगों को पुलिस या सेना में काम करने का अनुभव होता है, जबकि कई बार आम नागरिक भी अचानक पैदा हुए खतरे के बीच फैसला लेते हैं।
कुछ अमेरिकी राज्यों में सार्वजनिक स्थानों पर हथियार रखने वाले नागरिकों की भूमिका बढ़ाने के प्रयास किए गए हैं। टेक्सास ने 2013 में स्कूल मार्शल कार्यक्रम शुरू किया था। इसके तहत प्रशिक्षित शिक्षकों और कर्मचारियों को स्कूल परिसर में छिपाकर बंदूक रखने की अनुमति दी गई।
2018 में ह्यूस्टन के पास एक हाईस्कूल और 2022 में उवाल्डे के रॉब एलीमेंट्री स्कूल में गोलीबारी की घटनाओं के बाद सुरक्षा कार्यक्रमों और सशस्त्र सुरक्षा कर्मियों से जुड़ी व्यवस्थाओं का विस्तार किया गया।
गिफर्ड्स लॉ सेंटर के अनुसार, टेक्सास में बंदूक नियंत्रण कानून अपेक्षाकृत कम सख्त हैं, जबकि ओरेगन में नियम अधिक सख्त हैं।
पहले भी आम नागरिकों ने किया है बंदूकधारियों का सामना
अमेरिका में पहले भी कई ऐसी घटनाएं सामने आई हैं, जिनमें आम नागरिकों ने हमलावरों को रोकने की कोशिश की। इनमें तीन प्रमुख घटनाएं शामिल हैं।
ट्विन फॉल्स, इडाहो: तीन अगस्त को इन-एन-आउट बर्गर रेस्तरां में हुई गोलीबारी में तीन लोगों की मौत हो गई और सात लोग घायल हुए। वहां मौजूद ड्यूटी से बाहर एक पुलिस अधिकारी और हथियारबंद नागरिक जॉर्डन सलीनास ने हमलावर का सामना किया। जवाबी गोलीबारी के बाद हमलावर पीछे हट गया और अंततः उसने खुदकुशी कर ली।
व्हाइट सेटलमेंट, टेक्सास: दिसंबर 2019 में वेस्ट फ्रीवे चर्च ऑफ क्राइस्ट में रविवार की प्रार्थना के दौरान एक व्यक्ति ने शॉटगन से दो लोगों की हत्या कर दी। इसके बाद 71 वर्षीय जैक विल्सन ने उसे गोली मार दी। विल्सन हथियार चलाने के प्रशिक्षक रह चुके थे और रिजर्व शेरिफ डिप्टी के रूप में भी काम कर चुके थे।
सदरलैंड स्प्रिंग्स, टेक्सास: 2017 में एक चर्च में हुई गोलीबारी में 26 लोगों की मौत हो गई थी। नेशनल राइफल एसोसिएशन के पूर्व प्रशिक्षक स्टीफन विलफोर्ड अपनी राइफल लेकर हमलावर के सामने पहुंचे और उसे घायल कर दिया। इसके बाद उन्होंने एक गुजर रहे वाहन चालक के साथ मिलकर उसका पीछा किया। अंततः हमलावर ने खुदकुशी कर ली।
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