शेफाली वर्मा का तूफानी अर्धशतक, भारत ने जिम्बाब्वे को 9 विकेट से रौंदा

HIGHLIGHTS
- भारत ने 103 रन का लक्ष्य महज 8.5 ओवर में हासिल किया।
- शेफाली वर्मा ने 25 गेंदों पर 55 रन की विस्फोटक पारी खेली।
- स्मृति मंधाना 47 रन बनाकर नाबाद रहीं।
शेफाली वर्मा की आक्रामक बल्लेबाजी और स्मृति मंधाना की बेहतरीन पारी की बदौलत भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने दूसरे टी20 मुकाबले में जिम्बाब्वे को नौ विकेट से शिकस्त दी। रविवार को खेले गए इस मैच में भारतीय टीम ने 103 रनों का लक्ष्य महज 8.5 ओवर में हासिल कर लिया। इस जीत के साथ भारत ने तीन मैचों की टी20 सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त बना ली है।
शेफाली वर्मा ने 25 गेंदों पर 55 रन बनाए, जबकि कप्तान स्मृति मंधाना 47 रन बनाकर नाबाद रहीं। दोनों बल्लेबाजों ने पहले विकेट के लिए 96 रनों की साझेदारी कर मुकाबले को एकतरफा बना दिया। इस सीरीज में जीत के साथ ही स्मृति मंधाना ने पूर्णकालिक कप्तान के तौर पर अपने कार्यकाल का आगाज भी जीत के साथ किया।
शेफाली वर्मा ने 25 गेंदों में जड़ा अर्धशतक
103 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम को शेफाली वर्मा और स्मृति मंधाना ने दमदार शुरुआत दिलाई। दोनों ने पहले ओवरों से ही तेज बल्लेबाजी करते हुए जिम्बाब्वे के गेंदबाजों पर दबाव बना दिया।
शेफाली ने महज 25 गेंदों में 55 रनों की पारी खेली। इस दौरान उन्होंने चौकों और छक्कों से खूब रन बटोरे। ऑफ स्पिनर बिलव्ड बिजा की गेंद पर छक्का लगाकर उन्होंने अपना अर्धशतक पूरा किया। यह शेफाली के टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर का 22वां अर्धशतक रहा।
भारतीय सलामी बल्लेबाज ने मिशेल मावुंगा के एक ओवर में लगातार तीन गेंदों पर चौका, चौका और छक्का लगाकर अपने आक्रामक इरादे जाहिर कर दिए। उनकी बल्लेबाजी के सामने जिम्बाब्वे की गेंदबाजों को संभलने का मौका नहीं मिला।
स्मृति मंधाना ने भी खेली नाबाद पारी
भारतीय कप्तान स्मृति मंधाना ने भी अपनी बल्लेबाजी से प्रभावित किया। उन्होंने 47 रन बनाकर नाबाद रहते हुए शेफाली के साथ टीम को जीत तक पहुंचाया। मंधाना ने तेज गेंदबाज न्याशा ग्वांजुरा के खिलाफ लगातार चार चौके लगाकर अपनी लय दिखाई।
इसके बाद उन्होंने ओलिंडर चारे की गेंद पर इनसाइड-आउट शॉट खेलते हुए शानदार छक्का जड़ा और भारत को जीत दिला दी। भारतीय टीम ने एक विकेट गंवाकर 8.5 ओवर में ही 103 रनों का लक्ष्य हासिल कर लिया। शेफाली और मंधाना के बीच हुई बड़ी साझेदारी ने जिम्बाब्वे को वापसी का कोई मौका नहीं दिया।
भारतीय गेंदबाजों ने जिम्बाब्वे को 102 रन पर रोका
इससे पहले टॉस जीतकर बल्लेबाजी करने उतरी जिम्बाब्वे की टीम भारतीय गेंदबाजों के सामने बड़ा स्कोर खड़ा नहीं कर सकी। टीम ने निर्धारित 20 ओवर में आठ विकेट खोकर 102 रन बनाए।
तेज गेंदबाज नंदनी शर्मा ने जिम्बाब्वे को शुरुआती झटका दिया। उन्होंने सलामी बल्लेबाज केलिस न्द्लोवु को 11 गेंदों में बिना खाता खोले बोल्ड कर दिया। पावरप्ले के दौरान जिम्बाब्वे की टीम एक विकेट पर केवल 20 रन ही बना सकी। इस दौरान टीम के खाते में सिर्फ एक चौका आया।
पावरप्ले खत्म होने के दो गेंद बाद बिलव्ड बिजा भी आउट होकर पवेलियन लौट गईं। इससे जिम्बाब्वे की टीम पर दबाव और बढ़ गया।
चिपो तिरिपानो और कप्तान जोसेफिन नकोमो ने संभाली पारी
शुरुआती विकेट गिरने के बाद चिपो तिरिपानो और कप्तान जोसेफिन नकोमो ने पारी को आगे बढ़ाने की कोशिश की। दोनों ने चौथे विकेट के लिए 45 रन जोड़े। यह जिम्बाब्वे की पारी की सबसे बड़ी साझेदारी रही।
तिरिपानो ने 32 गेंदों पर 34 रन बनाए, जबकि कप्तान नकोमो 27 रन बनाकर नाबाद रहीं। तिरिपानो को 20 और 22 रन के निजी स्कोर पर जीवनदान भी मिला। उन्होंने भारतीय स्पिनर श्री चरणी के खिलाफ लगातार दो रिवर्स स्वीप चौके लगाए।
इस साझेदारी के दौरान जिम्बाब्वे की टीम ने सात चौके लगाए। सातवें से 15वें ओवर के बीच टीम ने 56 रन जोड़कर अपने स्कोर को आगे बढ़ाया।
निकी प्रसाद ने एक ओवर में लिए दो विकेट
भारत की ओर से ऑफ स्पिनर निकी प्रसाद ने प्रभावी गेंदबाजी करते हुए दो विकेट हासिल किए। उन्होंने तिरिपानो को विकेट के पीछे ऋचा घोष के हाथों कैच कराया। इसके बाद न्याशा ग्वांजुरा को एलबीडब्ल्यू आउट कर दिया।
लगातार दो विकेट लेकर निकी प्रसाद हैट्रिक के करीब पहुंच गई थीं, लेकिन वह यह उपलब्धि हासिल नहीं कर सकीं। इसके बावजूद भारतीय गेंदबाजों ने मिलकर जिम्बाब्वे को बड़ा स्कोर बनाने से रोक दिया।
गेंदबाजों के शानदार प्रदर्शन के बाद भारतीय बल्लेबाजों ने लक्ष्य आसानी से हासिल कर लिया। इस जीत के साथ भारत ने तीन मैचों की टी20 सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त बना ली है।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.
























Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.