नई दिल्ली। उत्तर रेलवे के दिल्ली मंडल ने बिना टिकट यात्रा और अनियमित प्रवेश को रोकने के लिए एक विशेष चेकिंग अभियान चलाया, जिससे रेलवे को वित्त वर्ष 2025-26 (अप्रैल से दिसंबर 2025) के दौरान 31.88 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ।
अभियान का मकसद और परिणाम
रेलवे के अनुसार, अभियान का मुख्य उद्देश्य यात्रियों को वैध टिकट के साथ यात्रा करने के लिए प्रेरित करना और रेलवे नियमों के उल्लंघन को रोकना था। इस दौरान कुल 4.35 लाख मामले दर्ज किए गए, जिनसे जुर्माने के रूप में यह राजस्व प्राप्त हुआ। यह पिछले वर्ष की इसी अवधि के आंकड़े 3.66 लाख मामलों और 27.08 करोड़ रुपये की तुलना में लगभग 17.74 प्रतिशत अधिक है।
कैसे चलाया गया अभियान
दिल्ली मंडल में यह अभियान नियमित रूप से रेलवे सुरक्षा बल और टिकट निरीक्षण स्टाफ की मदद से चलाया गया। अभियान के दौरान बिना टिकट यात्रा करने, बिना बुक किए सामान ले जाने और अन्य अनियमित टिकटों के मामलों में कार्रवाई की गई।
रेलवे का संदेश
दिल्ली मंडल रेल प्रबंधक पुष्पेश रमन त्रिपाठी ने कहा कि बिना टिकट यात्रा करने वाले न केवल रेलवे को आर्थिक नुकसान पहुंचाते हैं, बल्कि वैध टिकट धारक यात्रियों के अधिकारों का भी हनन करते हैं। उन्होंने यात्रियों से अपील की कि वे हमेशा वैध टिकट लेकर यात्रा करें और नियमों का पालन करें।