लखनऊ में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां मेट्रो ट्रेन के सामने एक युवती ने अचानक छलांग लगाकर आत्महत्या का प्रयास किया। घटना के तुरंत बाद मेट्रो ऑपरेटर ने इमरजेंसी ब्रेक लगाकर ट्रेन को रोक दिया, जिससे बड़ा हादसा टल गया।

मेट्रो रुकने के बाद गंभीर रूप से घायल युवती को बाहर निकाला गया और तुरंत ट्रामा सेंटर भेजा गया, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। अभी तक बेहोशी की स्थिति में होने के कारण उसकी पहचान नहीं हो सकी है। यह घटना शहर में मेट्रो के सामने कूदने की पहली गंभीर कोशिशों में से एक मानी जा रही है। इस घटना के बाद यूपीएमआरसी ने लखनऊ के साथ-साथ आगरा और कानपुर मेट्रो के लिए भी अलर्ट जारी कर दिया है।

सीसीटीवी फुटेज की जांच में सामने आया है कि युवती दोपहर करीब 12 बजे ट्रांसपोर्ट नगर स्टेशन से मेट्रो में सवार हुई थी। उसके पास ट्रांसपोर्ट नगर से चारबाग तक का टिकट भी था। बाद में वह आलमबाग स्टेशन पर उतर गई और वहां करीब 10 से 15 मिनट तक प्लेटफॉर्म पर रुकी रही। इस दौरान उसने दो मेट्रो ट्रेनों को गुजरते हुए भी देखा।

करीब 12:30 बजे जब एयरपोर्ट की ओर जा रही तीसरी मेट्रो प्लेटफॉर्म पर पहुंची, तभी युवती ने अचानक पीली सुरक्षा लाइन पार कर छलांग लगा दी। सुरक्षाकर्मी कुछ समझ पाते उससे पहले ही वह ट्रेन की चपेट में आ गई। ट्रेन ऑपरेटर ने तत्काल इमरजेंसी ब्रेक लगाकर स्थिति को नियंत्रित किया। युवती प्लेटफॉर्म के दो ट्रैक के बीच गिर गई, जिससे उसकी जान तो बच गई लेकिन उसे गंभीर चोटें आईं।

घटना के बाद महिला सुरक्षाकर्मी मौके पर पहुंचीं और स्ट्रेचर की मदद से युवती को एंबुलेंस के जरिए ट्रामा सेंटर भेजा गया।

पुलिस के अनुसार, युवती के पास से कोई मोबाइल फोन या पहचान पत्र बरामद नहीं हुआ है। उसकी पहचान के लिए आलमबाग पुलिस आसपास के थानों में गुमशुदगी की रिपोर्टों की जांच कर रही है।

सुरक्षा में चूक पर सवाल

बताया जा रहा है कि प्लेटफॉर्म पर तैनात सुरक्षाकर्मी पीली लाइन के पास आने वाले यात्रियों को लगातार सतर्क करते हैं, लेकिन इस मामले में युवती काफी देर तक प्लेटफॉर्म पर मौजूद रही और दो ट्रेनों को भी छोड़ दिया, इसके बावजूद उसे रोका नहीं जा सका।

दिल्ली मेट्रो मॉडल पर चर्चा

इस घटना के बाद एक बार फिर मेट्रो सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि दिल्ली मेट्रो की तरह प्लेटफॉर्म स्क्रीन डोर सिस्टम जैसी व्यवस्था अपनाई जाए, जिससे इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।