लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने शुक्रवार को अशोक लीलैंड के इलेक्ट्रिक वाहन (EV) मैन्युफैक्चरिंग प्लांट का उद्घाटन किया। इस अवसर पर भारी उद्योग एवं सार्वजनिक उपक्रम केंद्रीय मंत्री एचडी कुमारस्वामी भी मौजूद रहे। उद्घाटन के बाद मुख्यमंत्री ने फैक्ट्री के भीतर ई-बस का परीक्षण भी किया।
फैक्ट्री का निर्माण सरोजनी नगर में लगभग 70 एकड़ क्षेत्र में किया गया है। यहां ई-बस, ई-ट्रेवलर और ई-लोडिंग वाहन बनाए जाएंगे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि यह निवेश यूपी के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। उन्होंने हिंदुजा परिवार को इस पहल के लिए बधाई दी और बताया कि पिछले आठ वर्षों में प्रदेश में हुए परिवर्तनों का यही प्रमाण है। योगी ने कहा कि अब उत्तर प्रदेश सिर्फ ‘अनलिमिटेड पोटेंशियल’ वाला प्रदेश नहीं बल्कि अपने निवेश को ठोस परिणाम में बदलने वाला प्रदेश बन चुका है।
योगी ने कहा कि यूपी आज देश और दुनिया के निवेशकों के लिए पसंदीदा गंतव्य बन चुका है। प्रदेश में अब तक 45 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो चुके हैं। उन्होंने बताया कि पिछले आठ वर्षों में इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में किए गए कामों की बदौलत देश के 55 प्रतिशत एक्सप्रेसवे यूपी में स्थित हैं। इसके अलावा, प्रदेश में रैपिड रेल परियोजनाएं और 18 हजार स्टार्टअप भी काम कर रहे हैं।
केंद्रीय मंत्री एचडी कुमारस्वामी ने कहा कि यह फैक्ट्री न केवल यूपी बल्कि पूरे भारत के लिए आत्मनिर्भरता और इलेक्ट्रिक मोबिलिटी की दिशा में एक बड़ा कदम है। उन्होंने यह भी कहा कि यह प्रयास भारत के कार्बन उत्सर्जन को कम करने के लक्ष्य में मददगार साबित होगा।
रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की प्रशंसा करते हुए कहा कि योगी जी के नेतृत्व में यूपी की रेटिंग अब “एक्सीलेंट” हो चुकी है। उन्होंने कहा कि इस फैक्ट्री का उद्घाटन प्रदेश के औद्योगीकरण की दिशा में मील का पत्थर है।
राजनाथ सिंह ने लखनऊ शहर के प्रति अपने प्रेम का भी जिक्र किया और कहा कि पहले यूपी को अक्सर कानून व्यवस्था की चुनौतियों के कारण देखा जाता था, लेकिन अब यह निवेश का केंद्र बन गया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि प्रदेश में बढ़ते निवेश से युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।