मुजफ्फरनगर। भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के राष्ट्रीय प्रवक्ता धर्मेंद्र मलिक ने मंगलवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने मोरना क्षेत्र स्थित दी गंगा किसान सहकारी चीनी मिल लिमिटेड के आधुनिकीकरण और क्षमता विस्तार के लिए धनराशि स्वीकृत किए जाने पर मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। संगठन की ओर से कहा गया कि इस निर्णय से क्षेत्र के लाखों गन्ना किसानों को लाभ मिलेगा।

धर्मेंद्र मलिक ने बताया कि उत्तर प्रदेश कैबिनेट द्वारा लिया गया यह फैसला किसानों के हित में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि चीनी मिल की क्षमता बढ़ने से पेराई व्यवस्था सुदृढ़ होगी और किसानों को समय पर भुगतान मिलने की संभावना बढ़ेगी।

मुख्यमंत्री से हुई मुलाकात के दौरान धर्मेंद्र मलिक ने जनपद मुजफ्फरनगर में औद्योगिक इकाइयों द्वारा आरडीएफ के नाम पर नगरपालिका ठोस अपशिष्ट और लीगेसी वेस्ट जलाने से उत्पन्न वायु प्रदूषण का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने इसे जनस्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बताते हुए इस पर तत्काल सख्त और दंडात्मक कार्रवाई की मांग की।

इसके साथ ही उन्होंने पश्चिमी उत्तर प्रदेश में एम्स की स्थापना, मेरठ मेडिकल कॉलेज (एलएलआरएम) को पीजीआई या स्वशासी संस्थान घोषित करने, प्रदेश के सभी जिलों में हाईकोर्ट मामलों की ई-फाइलिंग व्यवस्था को प्रभावी ढंग से लागू करने की मांग रखी। बैठक में रियल टाइम खतौनी तैयार करते समय अंश निर्धारण, नाम में त्रुटि सुधार, राजस्व संहिता की धारा 24 के दुरुपयोग और चकबंदी में तकनीक के बेहतर इस्तेमाल जैसे विषयों पर भी चर्चा हुई।

धर्मेंद्र मलिक के अनुसार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उठाए गए सभी मुद्दों पर समाधान का आश्वासन दिया है। संगठन को उम्मीद है कि इन मांगों पर शीघ्र ही सकारात्मक कदम उठाए जाएंगे।