उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अंकिता भंडारी हत्या को बेहद संवेदनशील और हृदयविदारक घटना करार दिया। उन्होंने कहा कि इस मामले में प्रदेश सरकार ने पूरी ताकत से पैरवी की, जिससे तीन आरोपियों को उम्रकैद की सजा मिल सकी।
मंगलवार को सचिवालय मीडिया हाउस में पत्रकारों से बातचीत में मुख्यमंत्री ने बताया कि हाल ही में सामने आई एक ऑडियो क्लिप की सच्चाई की जांच के लिए विशेष जांच दल (एसआइटी) का गठन किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार इस मामले की हर पहलू की जांच करने के लिए पूरी तरह तैयार है और कोई भी दोषी बख्शा नहीं जाएगा।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि वे अंकिता के माता-पिता से व्यक्तिगत रूप से बात करेंगे और उनके सुझावों और इच्छाओं के अनुसार आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।