नीला ड्रम हत्याकांड: बेटी से मिलने की इच्छा जता रही मुस्कान, मुलाकात पर जेल प्रशासन के फैसले का इंतजार

HIGHLIGHTS
- मुस्कान के माता-पिता ने हत्या के बाद पहली बार अपनी बात रखी।
- प्रमोद रस्तोगी ने हाईकोर्ट में अपील के लिए आर्थिक परेशानी बताई।
- माता-पिता ने साहिल पर मुस्कान को नशे का आदी बनाने का आरोप लगाया।
मेरठ। जिला जज अरविंद कुमार मिश्र की अदालत में बेटी मुस्कान रस्तोगी से नाता तोड़ने का पत्र भेजने वाले प्रमोद रस्तोगी और उनकी पत्नी कविता रस्तोगी ने कहा कि दामाद सौरभ राजपूत की हत्या के गम में उन्होंने मुस्कान की पैरवी नहीं की।
हत्या के बाद पहली बार दंपती ने आरोप लगाया कि साहिल शुक्ला ने मुस्कान को नशे का आदी बनाकर सौरभ की हत्या में उसका इस्तेमाल किया। उनके अनुसार, साहिल मुस्कान को झांसे में लेकर सौरभ की कमाई के रुपये खर्च कराता था और उसी रकम से कॉलेज की फीस भरता था।
परिवार ने साहिल को पहले ही नानी के पास छोड़ दिया था। दंपती का आरोप है कि साहिल ने पहले मुस्कान को नशे का आदी बनाया, फिर उससे रुपये लेकर अपना खर्च चलाया और बाद में उसे सौरभ की हत्या के लिए इस्तेमाल किया। उन्होंने बताया कि मुस्कान के मामले में हाईकोर्ट में अपील करने के लिए उनके पास पर्याप्त रकम नहीं है।
मुस्कान के पिता प्रमोद रस्तोगी ने कहा कि जेल से खबरें आ रही हैं कि मुस्कान खाना तक नहीं खा रही है। वह बेटी से भी मिलना चाहती है। जेल से फरमान आने के बाद मुस्कान को उसकी बेटी से मिला दिया जाएगा। प्रमोद के मुताबिक, साहिल ने ही मुस्कान को फांसी के फंदे के करीब लाकर खड़ा कर दिया।
उन्होंने कहा कि मुस्कान नशे की हालत में साहिल के बहकावे में आकर ही ऐसा कदम उठाती थी। उन्हें मुस्कान से शिकायत है कि एक बेटी की मां होने के बावजूद वह अपना अच्छा-बुरा नहीं समझ पाई और साहिल के साथ मिलकर पति सौरभ की हत्या कर दी। सौरभ की हत्या का गम अभी भी है। सौरभ हमेशा उनका सम्मान करता था।
सौरभ की मां बोलीं- जेल में नाटक कर रहे साहिल और मुस्कान
सौरभ की मां रेनू ने बताया कि फांसी की सजा होने के बाद साहिल और मुस्कान जेल में हमदर्दी पाने के लिए रोने और खाना नहीं खाने का नाटक कर रहे हैं। दोनों को फांसी की सजा मिलने से उनका बेटा वापस नहीं आएगा, लेकिन बेटे सौरभ की आत्मा को शांति जरूर मिलेगी।
रेनू ने कहा कि वह हाईकोर्ट तक दोनों को फांसी की सजा दिलाने के लिए लड़ाई लड़ेंगी।
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