कनाडा के सैन्य अड्डे पर भीषण आग, चार सैनिकों की मौत और 39 अस्पताल में भर्ती

HIGHLIGHTS
- घायलों को अल्बर्टा के चार अलग-अलग अस्पतालों में पहुंचाया गया।
- गंभीर रूप से झुलसे लोगों को लंबे समय तक इलाज की जरूरत पड़ सकती है।
- तेज हवाओं के चलते सैन्य अड्डे से आसपास के ग्रामीण इलाकों तक फैली आग।
कनाडा के अल्बर्टा प्रांत में एक सैन्य अड्डे पर लगी भीषण आग के बाद 39 लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इनमें कम से कम 19 लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है। अल्बर्टा की प्रीमियर डेनियल स्मिथ ने रविवार को बताया कि घायलों को कनाडाई सैन्य अड्डे वेनराइट से प्रांत के चार अस्पतालों में पहुंचाया गया है। कुछ लोग गंभीर रूप से झुलसे हैं और उन्हें कई सप्ताह या महीनों तक गहन उपचार की जरूरत पड़ सकती है।
इससे पहले कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने पुष्टि की थी कि आग में चार सैन्यकर्मियों की मौत हो गई। शनिवार को सैन्य प्रशिक्षण के दौरान लगी इस आग को उन्होंने कनाडा की सेना के लिए देश की धरती पर शांतिकाल की सबसे गंभीर त्रासदियों में से एक बताया।
कनाडाई सेना ने क्या कहा?
शनिवार देर रात तेज हवाओं के बीच दमकलकर्मियों ने आग बुझाने का प्रयास किया। हवाओं के कारण आग सैन्य अड्डे वेनराइट से बाहर निकलकर आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों तक फैल गई। कनाडाई सेना ने रविवार को कहा कि घटना के पीछे आतंकवाद से जुड़े होने का कोई संकेत नहीं मिला है। हालांकि, आग लगने के कारणों का पता लगाने के लिए जांच जारी है।
प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने क्या कहा?
प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने टेलीविजन पर संबोधन के दौरान बताया कि मृत सैन्यकर्मियों के परिवारों को घटना की जानकारी दे दी गई है। उन्होंने कहा कि स्थिति लगातार बदल रही है। शनिवार को जब आग लगी, उस समय मृतक और घायल सैन्यकर्मी प्रशिक्षण में हिस्सा ले रहे थे।
कार्नी ने कहा कि इस त्रासदी से प्रभावित लोगों के सम्मान में देशभर में संघीय सरकारी इमारतों पर राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहेगा। उन्होंने बताया कि प्रभावित लोगों में रिजर्व सैन्यकर्मी और कनाडा की प्रमुख सैन्य रेजिमेंटों में शामिल प्रिंसेस पेट्रीशिया की कैनेडियन लाइट इन्फैंट्री के सैनिक भी हैं। ये सभी प्रशिक्षण के लिए देश के अलग-अलग सैन्य अड्डों से वेनराइट पहुंचे थे।
मेयर पद की उम्मीदवार का बेटा भी घायल
ओंटारियो में मेयर पद की उम्मीदवार कैथी कीन ने बताया कि गंभीर रूप से घायल सैन्यकर्मियों में उनका बड़ा बेटा भी शामिल है। उन्होंने फेसबुक पर लिखा कि एक मां के तौर पर इस समय उन्हें अपने बेटे और परिवार के साथ रहने की जरूरत है। उन्होंने यह भी बताया कि वह अल्बर्टा जा रही हैं।
रक्षा मंत्री ने क्या कहा?
कनाडा के रक्षा मंत्री डेविड मैकगिंटी ने बताया कि घटना की जांच में रॉयल कैनेडियन माउंटेड पुलिस (आरसीएमपी) भी शामिल है। उन्होंने स्थिति को बेहद सक्रिय और संवेदनशील बताते हुए कहा कि अधिकारी यह पता लगाने में जुटे हैं कि आखिर हुआ क्या था। उन्होंने जल्द ही और जानकारी उपलब्ध कराने की उम्मीद जताई।
मैकगिंटी ने रविवार को कहा कि वह ताजा घटनाक्रम की जानकारी लेने के लिए एडमंटन जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि सेना अल्बर्टा सरकार और स्थानीय अधिकारियों के साथ मिलकर काम कर रही है।
अस्पतालों में आपात स्थिति क्यों घोषित करनी पड़ी?
आग की घटना के बाद बड़ी संख्या में घायलों को अस्पतालों में पहुंचाया गया, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं पर काफी दबाव पड़ा। अल्बर्टा के कई अस्पतालों ने 'कोड ऑरेंज' घोषित किया। इसका अर्थ है कि बड़ी संख्या में गंभीर घायलों के इलाज के लिए आपातकालीन व्यवस्था करनी पड़ रही है।
एडमंटन के रॉयल एलेक्जेंड्रा अस्पताल के आपातकालीन चिकित्सक वॉरेन थिर्स्क ने बताया कि घायलों की संख्या इतनी अधिक थी कि शहर के अस्पतालों पर असाधारण दबाव पड़ गया। एडमंटन क्षेत्र में एंबुलेंस की उपलब्धता भी बेहद कम हो गई थी।
अधिकारियों ने लोगों से अपील की कि यदि संभव हो, तो वे यूनिवर्सिटी ऑफ अल्बर्टा अस्पताल के आपातकालीन विभाग में जाने से बचें। वेनराइट के मेयर ब्रूस प्यू ने कहा कि स्थानीय अस्पताल इतनी बड़ी आपदा से निपटने के लिए तैयार नहीं था। घायलों को हेलीकॉप्टर और विमानों की मदद से दूसरे अस्पतालों में भी पहुंचाया गया।
आग से स्थानीय प्रशासन और मतदान व्यवस्था पर क्या असर पड़ा?
हादसे के बाद अल्बर्टा को अन्य प्रांतों से सहायता की पेशकश की गई। सस्केचेवान के प्रीमियर स्कॉट मो ने मदद भेजने की घोषणा की। अल्बर्टा की प्रीमियर डेनियल स्मिथ ने इस घटना को गंभीर और दुखद बताया। प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने आग बुझाने में जुटे दमकलकर्मियों और बचाव दलों के प्रयासों की सराहना की।
कनाडा की विपक्षी कंजर्वेटिव पार्टी के नेता पियरे पोइलिव्रे ने भी प्रभावित लोगों के प्रति समर्थन जताया। उन्होंने लोगों से आपातकालीन निर्देशों का पालन करने और बचाव दलों की आवाजाही के लिए सड़कें खाली रखने की अपील की।
इस आग का असर सोमवार को होने वाले अल्बर्टा के जनमत संग्रह से पहले मतदान व्यवस्था पर भी पड़ा। वेनराइट कम्यूनिप्लेक्स में शनिवार को अग्रिम मतदान केंद्र समय से पहले बंद करना पड़ा। चुनाव अधिकारियों ने बताया कि मतपत्रों और मतदान सामग्री को सुरक्षित तरीके से दूसरी जगह पहुंचा दिया गया है। मतदाताओं को विकल्प के तौर पर लॉयडमिंस्टर और वर्मिलियन के मतदान केंद्रों की जानकारी दी गई।
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