नागपुर रेप केस: आरोपी की अजीब मांग, जेल में नरम बिस्तर और पिज्जा मांगने का पुलिस का दावा

HIGHLIGHTS
- दिघोरी इलाके के किराए के फ्लैट से छात्रा को पुलिस ने कराया था मुक्त
- पुलिस ने आरोपी के मोबाइल फोन और डिजिटल रिकॉर्ड की जांच शुरू की
- आरोपी पर हत्या के प्रयास और पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज
नागपुर। पुलिस ने बुधवार को बताया कि 12वीं कक्षा की 16 वर्षीय छात्रा को बंधक बनाकर दुष्कर्म करने के मामले की जांच में एक सुनियोजित साजिश के संकेत मिले हैं। पीड़िता एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी की बेटी है।
पुलिस के अनुसार, पीड़िता को नागपुर के दिघोरी इलाके में स्थित एक किराए के फ्लैट से बरामद किया गया, जहां उसे 24 घंटे से अधिक समय तक बंधक बनाकर रखा गया था। इस दौरान उसके साथ कई बार गलत हरकतें की गईं, उसका वीडियो बनाया गया, उसे चोट पहुंचाई गई और चाकू से हमला किया गया। सोमवार देर रात पुलिस टीम ने फ्लैट में पहुंचकर उसे मुक्त कराया।
आरोपी दो मोबाइल फोन कर रहा था इस्तेमाल
पुलिस ने बताया कि आरोपी के खिलाफ हत्या के प्रयास और पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। मेडिकल जांच से पहले आरोपी ने जांच कराने से इनकार कर दिया। इसके अलावा उसने अपने मोबाइल फोन और पीड़िता के फोन का पासवर्ड बताने से भी मना कर दिया। पुलिस के मुताबिक, बंधक बनाए जाने के दौरान आरोपी दोनों फोन का इस्तेमाल कर रहा था।
लॉकअप में सुविधाओं को लेकर शिकायत
पुलिस के अनुसार, आरोपी ने लॉकअप की स्थिति को लेकर शिकायत की है। उसने नाश्ते में पिज्जा, बेहतर भोजन, मुलायम बिस्तर और मच्छर भगाने वाली चीजों की मांग की। इसके अलावा उसने गंदी दीवारों और साफ-सफाई की कमी वाले टॉयलेट को लेकर भी आपत्ति जताई।
पुलिस ने कई सामान किए जब्त
पुलिस के अनुसार, पीड़िता घायल अवस्था में मिली थी। उसके शरीर पर कई चोटों के निशान थे। डॉक्टरों ने बताया कि वह मानसिक सदमे में है।
पुलिस कमिश्नर विश्वास नांगरे पाटिल ने कहा कि पीड़िता की हालत स्थिर होने के बाद जांच अधिकारी उसका विस्तृत बयान दर्ज करेंगे। पुलिस के अनुसार, 19 वर्षीय आरोपी ठाणे के एक डॉक्टर का बेटा है। जब पुलिस अधिकारी फ्लैट में पहुंचे तो आरोपी ने लड़की की गर्दन पर सर्जिकल चाकू लगा रखा था।
एएसआई दीपक मोरे ने बताया कि आरोपी लड़की की गर्दन पर चाकू रखकर उसका यौन शोषण कर रहा था। उन्होंने बताया कि पुलिस टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए फ्लैट में प्रवेश किया।
जांच अधिकारियों के अनुसार, आरोपी ने कथित तौर पर पीड़िता को नशीली चीज मिली चॉकलेट खिलाई और बाद में उसे ब्लैकमेल किया। पुलिस को आरोपी के पास से अश्लील तस्वीरें और वीडियो भी मिले हैं।
पुलिस ने कथित तौर पर इस मामले में इस्तेमाल किए गए कई सामान जब्त किए हैं, जिनमें गोलियां, स्प्रे, तीन चाकू, हथकड़ी, नायलॉन की रस्सी, मेटल-स्टडेड लेदर बेल्ट और अन्य चीजें शामिल हैं। अधिकारियों को एक इन्फ्लेटेबल बेड और इलेक्ट्रॉनिक एयर पंप भी मिला है।
जांच में सहयोग नहीं कर रहा आरोपी
पुलिस के मुताबिक, आरोपी पूछताछ में सहयोग नहीं कर रहा है। उसने मेडिकल जांच कराने से इनकार किया और अपने व पीड़िता के मोबाइल फोन के पासवर्ड भी नहीं बताए।
अधिकारियों ने बताया कि आरोपी पूछताछ के दौरान बहस करता रहा और कथित तौर पर अपनी हरकतों के लिए पीड़िता को जिम्मेदार ठहराने की कोशिश की। मंगलवार को आरोपी ने विशेष न्यायाधीश के सामने आरोप लगाया कि पुलिस ने उसके किराए के फ्लैट से 70 हजार रुपये चुराए, उसके साथ मारपीट की और उसका चश्मा व जूते जब्त किए।
पुलिस ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि आरोपी झूठी कहानी बनाने की कोशिश कर रहा है। हुडकेश्वर पुलिस स्टेशन की वरिष्ठ निरीक्षक अनामिका मिर्जापुरे ने कहा कि आरोपी की सभी जरूरी जरूरतों का ध्यान रखा जा रहा है, लेकिन उसे विशेष सुविधाएं नहीं दी जा सकतीं।
उन्होंने कहा कि आरोपी लगातार बहस कर रहा है, पूछताछ में देरी कर रहा है और सहयोग नहीं कर रहा है। पुलिस उसकी काउंसलिंग भी कर रही है।
सोशल मीडिया के जरिए हुई थी दोस्ती
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी ने सोशल मीडिया के जरिए किशोरी से दोस्ती की थी। इसके बाद वह उसके परिवार से जुड़ी जानकारी जुटाकर नागपुर पहुंचा था।
जांच में ऑनलाइन संपर्क, ब्लैकमेलिंग और ग्रूमिंग का पैटर्न सामने आया है। पुलिस ने बताया कि पीड़िता की तीन सहेलियों से पूछताछ के दौरान जानकारी मिली कि आरोपी सबसे पहले एक गेमिंग ऐप के जरिए चारों लड़कियों के संपर्क में आया था।
पुलिस को आशंका है कि आरोपी ने अन्य लड़कियों के साथ भी इसी तरह संपर्क किया हो सकता है। साइबर क्राइम सेल जब्त किए गए उपकरणों से डेटा निकाल रही है, ताकि पूरे मामले और कथित ब्लैकमेलिंग की कड़ी का पता लगाया जा सके।
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