SRCC के शताब्दी समारोह में PM मोदी का संबोधन, ‘नाराज फूफा’ से लेकर विकसित भारत के विजन तक कही 10 बड़ी बातें

HIGHLIGHTS
- पीएम मोदी ने एसआरसीसी की 100 वर्षों की यात्रा को याद किया।
- उन्होंने नए कामों का विरोध करने वालों पर ‘नाराज फूफा’ कहकर तंज कसा।
- 2013 के भाषण में दिए गिलास के उदाहरण का भी जिक्र किया।
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को दिल्ली विश्वविद्यालय के श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स (SRCC) के शताब्दी समारोह को संबोधित किया। शिक्षक दिवस के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम में उन्होंने कॉलेज की 100 वर्षों की यात्रा को याद किया। पीएम मोदी ने कहा कि जब कोई व्यक्ति 100 साल की उम्र पूरी करता है तो वह अनुभव का खजाना बन जाता है, लेकिन जब कोई संस्थान 100 साल पूरे करता है तो वह उपलब्धियों का महासागर बन जाता है। उन्होंने कहा कि दरियागंज के एक छोटे से संस्थान के रूप में शुरू हुआ एसआरसीसी आज एक विशाल वृक्ष का रूप ले चुका है। इस संस्थान ने कई पीढ़ियों को शिक्षा देने के साथ उन्हें दिशा भी दी है।
पीएम मोदी के भाषण की 10 बड़ी बातें
1. ‘नाराज फूफा’ कौन हैं, जिनका पीएम मोदी ने जिक्र किया?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नए कामों पर सवाल उठाने वाले लोगों पर ‘नाराज फूफा’ के अंदाज में तंज कसा। उन्होंने कहा कि समाज में कुछ लोग ऐसे होते हैं, जो हर नए काम की शुरुआत होते ही पूछने लगते हैं- ‘इसकी क्या जरूरत है?’ पीएम मोदी ने कहा कि ऐसे लोगों का काम ही विरोध करना होता है। उन्होंने स्टैच्यू ऑफ यूनिटी, मेट्रो, यूपीआई, सेमीकंडक्टर चिप, नई संसद और नेशनल वॉर मेमोरियल जैसे उदाहरण गिनाए। प्रधानमंत्री ने कहा कि देश ने ऐसे तमाम ‘फूफाओं’ को जवाब दिया है।
2. 2013 के ‘गिलास’ वाले उदाहरण को फिर क्यों याद किया?
पीएम मोदी ने एसआरसीसी में 2013 में दिए अपने भाषण को याद किया और पानी के गिलास का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि एक ही गिलास को अलग-अलग नजरिए से देखा जा सकता है। किसी को वह आधा भरा नजर आता है तो किसी को आधा खाली। लेकिन उन्होंने कहा कि वह गिलास को पूरा भरा हुआ देखते हैं, जिसमें आधा पानी और आधी हवा है। मोदी ने कहा कि भारत को लेकर उनका नजरिया उस समय भी सकारात्मक था और आज भी वही है।
3. 2013 के भारत की तस्वीर कैसी थी?
प्रधानमंत्री ने 2013 के भारत की स्थिति की तुलना मौजूदा दौर से की। उन्होंने कहा कि उस समय देश की आर्थिक विकास दर कम थी और महंगाई काफी अधिक थी। पीएम मोदी ने उस दौर में हुए घोटालों और भ्रष्टाचार का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि तब दुनिया भारत को पांच कमजोर अर्थव्यवस्थाओं में शामिल करती थी। प्रधानमंत्री ने आतंकवाद और पाकिस्तान की स्थिति का भी जिक्र किया।
4. 7.8 फीसदी जीडीपी को लेकर पीएम मोदी ने क्या कहा?
पीएम मोदी ने हाल में सामने आए आर्थिक आंकड़ों का भी उल्लेख किया। उन्होंने 7.8 फीसदी की तिमाही विकास दर का जिक्र करते हुए कहा कि बिजली उत्पादन, वाहनों की बिक्री और स्टील-सीमेंट की खपत में बढ़ोतरी हुई है। उनके अनुसार, ये आंकड़े देश में आर्थिक और कारोबारी गतिविधियों में तेजी का संकेत दे रहे हैं।
5. जनधन योजना को लेकर क्या उपलब्धि बताई?
प्रधानमंत्री ने जनधन योजना को वित्तीय बदलाव का एक बड़ा उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि बीते 12 वर्षों में 60 करोड़ नए बैंक खाते खोले गए हैं। पीएम मोदी के अनुसार, इसके जरिए बड़ी संख्या में ऐसे लोग बैंकिंग व्यवस्था से जुड़े, जो पहले इससे बाहर थे। उन्होंने कहा कि बैंक खातों के विस्तार ने भारत की फिनटेक क्रांति के लिए मजबूत आधार तैयार किया।
6. ‘माई-बाप कल्चर’ पर पीएम मोदी ने क्या कहा?
प्रधानमंत्री ने पुरानी व्यवस्था पर निशाना साधते हुए ‘माई-बाप कल्चर’ का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पहले आम नागरिकों को छोटी-छोटी जरूरतों के लिए सरकारी व्यवस्था के पीछे जाना पड़ता था। मोदी ने कहा कि जनधन योजना जैसे कदमों के जरिए लोगों को सीधे बैंकिंग व्यवस्था से जोड़ा गया। उनके मुताबिक, इससे आम नागरिकों को व्यवस्था पर निर्भर रहने के बजाय आर्थिक रूप से जोड़ने का काम हुआ।
7. ‘मेड इन इंडिया’ से रक्षा उत्पादन तक क्या बताया?
पीएम मोदी ने कहा कि 2013 में उन्होंने इसी मंच से ‘मेड इन इंडिया’ की बात रखी थी। उस समय कई लोगों को यह विचार मुश्किल लगता था। उन्होंने कहा कि आज भारत का रक्षा उत्पादन रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच चुका है। प्रधानमंत्री के मुताबिक, देश में दो लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का रक्षा उत्पादन हो रहा है। वहीं रक्षा निर्यात भी 40 हजार करोड़ रुपये तक पहुंच गया है।
8. रेलवे विद्युतीकरण का उदाहरण क्यों दिया?
प्रधानमंत्री ने देश में काम की रफ्तार को समझाने के लिए रेलवे का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि भारत में पहली इलेक्ट्रिक ट्रेन 1925 में चली थी। पीएम मोदी के मुताबिक, 2014 तक करीब 90 वर्षों में 30 फीसदी से भी कम रेल लाइनों का विद्युतीकरण हुआ था। उन्होंने कहा कि इसके बाद 12 वर्षों में रेल लाइनों का 100 फीसदी विद्युतीकरण कर दिया गया।
9. युवाओं से पीएम मोदी ने क्या उम्मीद जताई?
पीएम मोदी ने कहा कि उन्हें देश और युवाओं पर पूरा भरोसा है। उन्होंने कहा कि विकसित भारत के निर्माण में युवा बड़ी भूमिका निभाएंगे। प्रधानमंत्री ने छात्रों से सकारात्मक सोच रखने और बड़े लक्ष्य निर्धारित करने की अपील की। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में भारत मैन्युफैक्चरिंग के साथ-साथ रिसर्च और इनोवेशन का भी बड़ा केंद्र बनेगा।
10. स्पेस स्टेशन और ओलंपिक को लेकर क्या विजन दिया?
प्रधानमंत्री ने भारत के भविष्य से जुड़े कई बड़े लक्ष्यों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि भारत कृषि निर्यात के क्षेत्र में बड़ी ताकत बनेगा और अपना स्पेस स्टेशन स्थापित करेगा। पीएम मोदी ने कहा कि वह दिन भी आएगा जब भारत ऐसे ओलंपिक का आयोजन करेगा, जिसे पूरी दुनिया देखेगी। उन्होंने कहा कि ये केवल बातें नहीं हैं, बल्कि भारत के संकल्प हैं।
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