दिल्ली के मालवीय नगर स्थित एक होटल में हुए भीषण अग्निकांड मामले में पुलिस जांच ने तेजी पकड़ ली है। इस घटना में दिल्ली पुलिस को पहली बड़ी सफलता मिली है, जिसके तहत होटल में कार्यरत एक कुक को गिरफ्तार किया गया है।

गिरफ्तार आरोपी की पहचान केशव नेगी के रूप में हुई है, जो बी एंड बी होटल में शेफ के पद पर तैनात था। 65 वर्षीय केशव नेगी दिलशाद गार्डन क्षेत्र का रहने वाला है और उसके पिता का नाम बखावर नेगी बताया गया है।

पुलिस जांच के अनुसार, आग लगने के दौरान केशव नेगी घटनास्थल से बाहर निकल गया था। मामले में एक अन्य व्यक्ति को भी हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने के लिए जांच अभी जारी है और आगे और भी खुलासे हो सकते हैं।

इधर, इस हादसे में घायल लोगों का इलाज साकेत स्थित मैक्स अस्पताल में जारी है। अस्पताल प्रशासन के अनुसार भर्ती सभी मरीजों की स्थिति स्थिर बनी हुई है। कुल 15 घायल उपचाराधीन हैं, जिनमें 13 विदेशी नागरिक शामिल हैं। इनमें से छह मरीज वेंटिलेटर सपोर्ट पर हैं, हालांकि उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।

बाकी घायल आईसीयू और जनरल वार्ड में डॉक्टरों की निगरानी में हैं और उनकी सेहत में सुधार दर्ज किया जा रहा है। अस्पताल ने यह भी बताया कि घटना के दिन भर्ती किए गए कुछ मरीजों को उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई है।

वहीं, मालवीय नगर अग्निकांड के बाद दिल्ली में अवैध निर्माण और नियमों के उल्लंघन के खिलाफ सख्त अभियान शुरू कर दिया गया है। नगर निगम (MCD) ने पुलिस और अन्य एजेंसियों के साथ मिलकर राजधानी के कई इलाकों में सीलिंग और ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की है।

इस अभियान के तहत 60 से अधिक संपत्तियों पर कार्रवाई की गई, जिनमें मालवीय नगर स्थित संबंधित होटल भी शामिल है, जिसे सील कर दिया गया है। दक्षिणी दिल्ली के हौज रानी, सैदुल्लाजाब, खिड़की एक्सटेंशन, सैनिक फार्म और अन्य क्षेत्रों में भी अवैध निर्माणों पर कार्रवाई हुई है।

अधिकारियों के अनुसार, जांच के दौरान कई गेस्ट हाउस और व्यावसायिक प्रतिष्ठान भवन नियमों और सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करते पाए गए, जिसके बाद उन पर सीलिंग और ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई है। रोहिणी क्षेत्र में भी अवैध गतिविधियों को लेकर तीन प्रतिष्ठानों को सील किया गया है।

प्रशासन का कहना है कि अग्निकांड के बाद राजधानी भर में होटल, गेस्ट हाउस और अन्य व्यावसायिक इकाइयों की सुरक्षा और लाइसेंसिंग नियमों की सख्त जांच की जा रही है, ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।