दिल्ली के इंडिया गेट क्षेत्र में वायु प्रदूषण के विरोध प्रदर्शन के दौरान हुए हंगामे पर पुलिस ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस ने दो अलग-अलग थानों में एफआईआर दर्ज कर कुल 22 प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया है। कर्तव्यपथ थाने में दर्ज मामले में छह पुरुषों को हिरासत में लिया गया है, जबकि संसद मार्ग थाने में दर्ज दूसरी एफआईआर के तहत 17 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

कर्तव्यपथ थाने की एफआईआर: कई गंभीर धाराएँ शामिल
ताज़ा जानकारी के अनुसार, कर्तव्यपथ थाने में दर्ज मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की जिन धाराओं का उल्लेख किया गया है, उनमें धारा 74, 79, 105(2), 132, 221, 223 और 6(2) शामिल हैं। इन धाराओं में सार्वजनिक शांति भंग करना, सरकारी आदेशों की अवहेलना और अन्य दंडनीय अपराधों का प्रावधान है।

संसद मार्ग थाने में दूसरी एफआईआर
संसद मार्ग थाने में दर्ज दूसरी एफआईआर में 17 प्रदर्शनकारियों पर बीएनएस की धारा 223A, 132, 221, 121A, 126(2) और 3(5) के तहत आरोप लगाए गए हैं। इन आरोपों में सार्वजनिक व्यवस्था भंग करना, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाना और अन्य गंभीर अपराध शामिल हो सकते हैं।

इंडिया गेट पर प्रदूषण विरोध से हंगामे तक
दिल्ली-एनसीआर में खराब होती हवा के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराने के लिए रविवार दोपहर प्रदर्शनकारी इंडिया गेट के सी-हेक्सागन क्षेत्र में जुटे थे। पुलिस ने पहले ही 15 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया था। इस दौरान प्रदर्शनकारियों पर आरोप है कि उन्होंने पुलिस टीम पर पेपर स्प्रे किया, जिससे तीन से चार पुलिसकर्मी प्रभावित हुए। घायलों को तत्काल आरएमएल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार जारी है।

मंगलवार करीब 4.30 बजे शुरू हुए इस प्रदर्शन के दौरान कुछ लोगों ने अचानक नक्सली हिड़मा के समर्थन में नारेबाजी शुरू कर दी। पुलिस ने क्षेत्र से उन्हें हटने का निर्देश दिया, लेकिन प्रदर्शनकारी लगातार नारेबाजी करते रहे। इसके बाद पुलिस को हल्का बल प्रयोग कर उन्हें हटाना पड़ा। इसी दौरान पेपर स्प्रे का उपयोग होने से स्थिति बिगड़ गई और हल्की झड़प की नौबत आ गई।

सुरक्षा कड़ी, पुलिस ने की अपील
पुलिस का कहना है कि विरोध के कारण इंडिया गेट के आसपास यातायात भी प्रभावित हुआ। हिरासत में लिए गए लोगों से पूछताछ जारी है और हिंसक व्यवहार करने वालों के खिलाफ कठोर धाराओं में कार्रवाई की जा रही है।
घटना के बाद इंडिया गेट और आसपास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत कर दिया गया है। पुलिस ने नागरिकों से आग्रह किया है कि वे अपनी शिकायतें शांतिपूर्ण और कानूनी तरीके से दर्ज कराएं, ताकि सार्वजनिक व्यवस्था में बाधा न आए।