बिजनौर। जिले के हल्दौर थाना क्षेत्र के गांव खारी में रुपये के लेनदेन को लेकर हुए विवाद ने एक व्यक्ति की जान ले ली। आरोप है कि करीब सात लाख रुपये के हिसाब-किताब को लेकर दोस्तों ने ही 40 वर्षीय इस्लामुद्दीन की गोली मारकर हत्या कर दी। वारदात को आत्महत्या का रूप देने के लिए आरोपियों ने शव को जंगल की एक चकरोड पर रख दिया और पास में बंदूक भी रख दी। पुलिस ने मामले में तीन लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस के अनुसार, मृतक इस्लामुद्दीन वेल्डिंग का काम करता था। उसके भाई निजामुद्दीन की तहरीर पर दर्ज रिपोर्ट में बताया गया है कि सोमवार शाम करीब सात बजे गांव का ही मुस्तफा उसे वेल्डिंग का काम दिलाने की बात कहकर घर से अपने साथ ले गया था। इसके बाद इस्लामुद्दीन देर रात तक घर नहीं लौटा।
परिजनों ने जब उसकी तलाश शुरू की, तो रात करीब एक बजे उसके दोस्त इकरार ने सूचना दी कि गांव के ही अतीक ने इस्लामुद्दीन की गोली मारकर हत्या किए जाने की बात बताई है। सूचना मिलने पर परिजन मौके पर पहुंचे, जहां गौसपुर गांव के जंगल में बनी चकरोड पर इस्लामुद्दीन का शव पड़ा मिला। शव के पास एक देशी बंदूक भी रखी हुई थी, जिससे आत्महत्या का भ्रम पैदा करने की कोशिश की गई।
घटना की जानकारी मिलते ही एएसपी सिटी डॉ. कृष्ण गोपाल सिंह, सीओ सिटी संग्राम सिंह और हल्दौर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। फॉरेंसिक जांच के बाद शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पुलिस ने मुस्तफा, इसरार उर्फ मोटा और अतीक के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया है।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
इस्लामुद्दीन तीन भाइयों में मंझला था। वह पत्नी, तीन बेटियों और दो बेटों को बेसहारा छोड़ गया है। परिजनों ने बताया कि उसकी पत्नी ने दो महीने पहले एक बेटी को जन्म दिया था, जिसे आर्थिक हालात के चलते रिश्तेदार को गोद देना पड़ा था। परिवार का माहौल पहले से ही खुशियों की तैयारी में था, क्योंकि छोटे भाई जमालुद्दीन नौ साल बाद सऊदी अरब से गांव लौटा था और उसकी शादी 20 जनवरी को तय थी। हत्या की घटना के बाद शादी की खुशियां मातम में बदल गईं।
तीन घंटे तक सबूत मिटाने की कोशिश
पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने रात करीब दस बजे इस्लामुद्दीन को गोली मारी थी और इसके बाद करीब तीन घंटे तक वारदात को छुपाने की कोशिश करते रहे। जांच में यह भी स्पष्ट हुआ है कि घटनास्थल पर मिली बंदूक से गोली नहीं चलाई गई थी, बल्कि किसी अन्य तमंचे का इस्तेमाल किया गया। पुलिस के मुताबिक हत्या कार के अंदर की गई और बाद में शव को जंगल की चकरोड पर फेंक दिया गया।
सीओ सिटी संग्राम सिंह ने बताया कि आरोपी अतीक और इसरार को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि तीसरे आरोपी की तलाश जारी है। मामले की जांच गहनता से की जा रही है।