मुजफ्फरनगर। गांधी कॉलोनी बिजलीघर पर प्रदर्शन करने वाले लोगों के खिलाफ दर्ज मुकदमे को लेकर सोमवार को राष्ट्रीय लोकदल (RLD) के कार्यकर्ताओं ने एनएच-58 स्थित मुख्य अभियंता कार्यालय पर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने कार्यालय परिसर में नारेबाजी करते हुए बिजली आपूर्ति बाधित कर दी, जिससे दफ्तर का कामकाज पूरी तरह ठप हो गया।
प्रदर्शन के दौरान स्थिति उस समय तनावपूर्ण हो गई जब पुलिसकर्मी कार्यालय की बिजली बहाल करने के लिए एमसीबी ऑन करने लगे। इस पर RLD कार्यकर्ताओं ने आपत्ति जताते हुए पुलिस को घेर लिया और कहा कि पुलिस का काम कानून व्यवस्था संभालना है, न कि विभागीय कार्यों में हस्तक्षेप करना। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस, धक्का-मुक्की और नोकझोंक भी देखने को मिली।

कार्यकर्ताओं का कहना था कि मुख्य अभियंता कार्यालय में मौजूद होने के बावजूद प्रदर्शनकारियों से बातचीत के लिए नीचे नहीं आए, जबकि वे लोग भी ऊपर कार्यालय में जाने को तैयार नहीं थे। इसी कारण लंबे समय तक स्थिति असमंजसपूर्ण बनी रही।
प्रदर्शन का नेतृत्व RLD नेता सुधीर भारती ने किया। उन्होंने आरोप लगाया कि गांधी वाटिका बिजलीघर पर हुए प्रदर्शन के बाद दर्ज किया गया मुकदमा जनता की आवाज दबाने की कोशिश है। उन्होंने यह भी कहा कि कैबिनेट मंत्री की चेतावनी के बावजूद विभाग ने कार्रवाई कर सरकार की मंशा की अनदेखी की है।

सूचना मिलने पर सीओ नई मंडी राजू कुमार साव और नई मंडी कोतवाली प्रभारी आनंद देव मिश्र पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और हालात को नियंत्रित किया। देर तक मौके पर तनावपूर्ण स्थिति बनी रही।
वहीं मुख्य अभियंता विनोद गुप्ता ने कहा कि प्रदर्शन करना लोकतांत्रिक अधिकार है, लेकिन बिजलीघर में घुसकर कार्य बाधित करना, मारपीट करना और फीडर बंद करना पूरी तरह गलत है, इसी कारण कानूनी कार्रवाई की गई है।