गाजियाबाद। इंदिरापुरम के कनावनी क्षेत्र में गुरुवार को एक भयावह घटना सामने आई, जिसमें चार साल का बच्चा आवारा कुत्तों के झुंड का शिकार बन गया। बच्चा घर के बाहर खेल रहा था, तभी कुत्तों ने उस पर हमला कर दिया और उसे घसीटना शुरू कर दिया।

सिर में लगे 36 टांके

बच्चे की चीख सुनकर आसपास के लोग तुरंत दौड़े और हिम्मत दिखाते हुए उसे कुत्तों के चंगुल से छुड़ाया। गंभीर रूप से घायल बच्चे को परिजन तुरंत अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसके सिर में 36 टांके लगाए। इलाज के बाद बच्चे को घर भेज दिया गया है, लेकिन इस घटना ने इलाके में दहशत फैलाकर सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

नगर निगम ने की कार्रवाई

स्थानीय निवासियों की शिकायत के बाद नगर निगम की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और सबसे आक्रामक समझे जाने वाले कुत्ते को पकड़ लिया। यह घटना आवारा कुत्तों की बढ़ती समस्या और प्रशासन की रोकथाम में कमज़ोरी को उजागर करती है।

शारीरिक और मानसिक चोट

इस हमले ने शहर में आवारा कुत्तों से पैदा होने वाली खतरनाक स्थिति पर एक बार फिर ध्यान आकर्षित किया। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे हमले न केवल शारीरिक चोट पहुंचाते हैं, बल्कि बच्चों में लंबे समय तक डर और मानसिक आघात भी छोड़ सकते हैं।

स्थानीय प्रशासन से अपेक्षा की जाती है कि वे इस समस्या के समाधान के लिए ठोस कदम उठाएं। सार्वजनिक स्थानों पर कुत्तों के विचरण को नियंत्रित करना, पालतू पशुओं का पंजीकरण और टीकाकरण अनिवार्य बनाना, बच्चों के सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित करने जैसे उपाय तत्काल जरूरी हैं।