मुजफ्फरनगर में बुधवार को त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गईं। जिला पंचायत सदस्य सतेंद्र बालियान के नेतृत्व में बड़ी संख्या में ग्राम प्रधानों और संभावित उम्मीदवारों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर समय पर पंचायत चुनाव कराने की मांग उठाई। प्रदर्शन के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को संबोधित एक ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारियों को सौंपा गया।

ज्ञापन में कहा गया कि उत्तर प्रदेश में ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत और जिला पंचायतों का कार्यकाल जल्द ही समाप्त होने वाला है। ऐसे में संवैधानिक प्रावधानों और स्थानीय स्वशासन की मजबूती के लिए समय पर चुनाव कराना बेहद जरूरी है। प्रदर्शनकारियों ने तर्क दिया कि चुनाव में देरी होने से ग्रामीण विकास कार्यों पर असर पड़ेगा और पंचायत व्यवस्था कमजोर हो सकती है।


प्रधानों और संभावित प्रत्याशियों ने बताया कि पंचायतें गांवों के विकास की रीढ़ हैं। सड़क, नाली, सफाई, पेयजल, बिजली और अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़े अधिकांश कार्य पंचायत स्तर पर ही संचालित होते हैं। ऐसे में चुनाव टलने से विकास योजनाएं बाधित होने की आशंका है।

प्रतिनिधिमंडल ने सरकार से आग्रह किया कि संवैधानिक समयसीमा के अनुसार त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की प्रक्रिया जल्द शुरू की जाए, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्य प्रभावित न हों और लोकतांत्रिक व्यवस्था मजबूत बनी रहे।

कलेक्ट्रेट परिसर में इस दौरान देर तक नारेबाजी भी होती रही। प्रदर्शनकारियों ने सरकार से जल्द निर्णय लेने की मांग करते हुए चेतावनी दी कि यदि समय पर चुनाव की घोषणा नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।