जंतर-मंतर प्रदर्शन पर राकेश टिकैत का बयान, बोले- युवाओं की मांगों को सरकार सुने

HIGHLIGHTS
- राकेश टिकैत ने जंतर-मंतर पर चल रहे युवा प्रदर्शन को लेकर कहा कि सरकार को प्रदर्शनकारियों की मांगों को गंभीरता से सुनना चाहिए।
- उन्होंने पुलिस द्वारा भूख हड़ताल पर बैठे लोगों को हिरासत में लेकर अस्पताल ले जाने की कार्रवाई पर सवाल उठाए और इसे उचित नहीं बताया।
- टिकैत ने 21 जुलाई की किसान पंचायत में युवाओं के मुद्दे पर चर्चा की बात कही और प्रदर्शनकारियों से शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन करने की अपील की।
मुजफ्फरनगर में दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे युवा प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई को लेकर भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत की प्रतिक्रिया सामने आई है। उन्होंने शनिवार सुबह करीब 11 बजे फेसबुक लाइव के जरिए कहा कि जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे युवाओं की मांगों को सरकार को गंभीरता से सुनना चाहिए। उन्होंने भूख हड़ताल पर बैठे प्रदर्शनकारियों को पुलिस द्वारा हिरासत में लेकर अस्पताल पहुंचाने की कार्रवाई पर भी सवाल उठाए।
राकेश टिकैत ने कहा कि अगर प्रदर्शनकारियों के स्वास्थ्य को लेकर चिंता थी तो बातचीत के माध्यम से समाधान निकाला जा सकता था। उन्होंने कहा कि धरना स्थल पर पहुंचकर लोगों को जबरन उठाकर अस्पताल ले जाना सही तरीका नहीं है। उन्होंने इस तरह की कार्रवाई का भारतीय किसान यूनियन की ओर से विरोध जताया।
उन्होंने कहा कि जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे युवा देश से जुड़े अहम मुद्दों को उठा रहे हैं और सरकार को उनकी बातों पर ध्यान देना चाहिए। टिकैत ने बताया कि 21 जुलाई को होने वाली किसान पंचायत में भी इस मुद्दे को शामिल किया जाएगा और युवाओं से जुड़े विषयों पर चर्चा की जाएगी।
राकेश टिकैत ने कहा कि संयुक्त किसान मोर्चा (SKM) इस आंदोलन के साथ खड़ा है और युवाओं की लोकतांत्रिक आवाज का समर्थन करता है। हालांकि उन्होंने प्रदर्शनकारियों से शांति बनाए रखने की अपील भी की।
उन्होंने कहा कि 20 जुलाई को प्रस्तावित कार्यक्रम शांतिपूर्ण तरीके से आयोजित किया जाना चाहिए और किसी भी तरह की हिंसा से बचना जरूरी है। टिकैत ने प्रदर्शन में शामिल लोगों को सतर्क रहने की सलाह देते हुए कहा कि बाहरी और असामाजिक तत्व आंदोलन में शामिल होने की कोशिश कर सकते हैं, इसलिए उनकी पहचान करना जरूरी है।
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