असम-अरुणाचल सीमा पर फायरिंग, 8 गांववाले घायल; 7 की हालत गंभीर

HIGHLIGHTS
- अतिक्रमण को लेकर विवाद के बाद फायरिंग की घटना सामने आई।
- घायलों को पहले गोगामुख रूरल हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया।
- दोनों राज्यों के मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक स्थिति पर नजर रख रहे हैं।
गुवाहाटी। असम-अरुणाचल प्रदेश सीमा पर धेमाजी जिले के मिंगमांग बदती इंटर-स्टेट बॉर्डर पर अरुणाचल प्रदेश के अज्ञात बदमाशों की ओर से फायरिंग किए जाने की घटना सामने आई है। इस घटना में असम के 8 गांववाले घायल हुए हैं, जिनमें से 7 की हालत गंभीर बताई गई है।
फायरिंग की इस घटना के बाद दोनों पड़ोसी राज्यों के बीच तनाव बढ़ गया है। बताया जा रहा है कि सीमा क्षेत्र में अतिक्रमण को लेकर विवाद के बाद यह घटनाक्रम हुआ।
एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, घटना सुबह असम-अरुणाचल प्रदेश सीमा के मिंगमांग बस्ती में हुई। उन्होंने बताया कि असम की जमीन पर अरुणाचल प्रदेश के लोगों द्वारा कथित कब्जे को लेकर विवाद हुआ था, जो बाद में बढ़कर फायरिंग में बदल गया।
असम के लोगों पर हुई फायरिंग
अधिकारी ने बताया कि सीमा पार से आए बदमाशों ने असम के लोगों को निशाना बनाकर फायरिंग की। घायलों की पहचान दुर्गेश्वर पातिर, रोहित डोले, नागराज डोले, बिगेश्वर पातिर, पामे पेगु, संजय तयुंग, उत्पल डोले और जान डोले के रूप में हुई है।
अधिकारियों के मुताबिक, सभी घायलों को पहले गोगामुख रूरल हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। इसके बाद गंभीर हालत वाले 7 घायलों को धेमाजी सिविल हॉस्पिटल रेफर किया गया।
मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने लिया संज्ञान
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने बताया कि दोनों राज्यों के मुख्य सचिव इस मामले पर बातचीत कर रहे हैं। इसके साथ ही पुलिस महानिदेशक भी स्थिति को नियंत्रित करने के लिए समन्वय कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि असम पुलिस की सहायता मौके पर पहुंच गई है और फिलहाल स्थिति को शांत करने की जरूरत है। उन्होंने असम पुलिस को यह भी निर्देश दिया कि किसी भी स्थिति में असम की जमीन का एक इंच भी नहीं गंवाया जाना चाहिए।
सीमा विवाद के बीच हुआ टकराव
यह घटना असम और अरुणाचल प्रदेश के बीच लंबे समय से चले आ रहे सीमा विवाद की पृष्ठभूमि में हुई है। दोनों राज्य बातचीत और सीमांकन के माध्यम से इस विवाद को सुलझाने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। हालांकि, सीमा के कई इलाके अब भी संवेदनशील बने हुए हैं।
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