बागपत: गीदड़ों के झुंड ने किसानों पर किया हमला, एक के पैर से मांस उखड़ा

बागपत। रटौल क्षेत्र के लहचौड़ा और मंसूरपुर गांवों के जंगलों में जंगली जानवरों का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है। शनिवार शाम खेतों में काम कर रहे पांच किसानों पर गीदड़ों के झुंड ने हमला कर दिया, जिसमें एक किसान गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल किसानों को तुरंत पिलाना सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में भर्ती कराया गया, जहां उन्हें एंटी रैबीज वैक्सीन दी गई।
मंसूरपुर गांव के किसान प्रवीण ने बताया कि वह शाम के समय अपने खेत में गन्ने की छिलाई कर रहे थे, तभी अचानक गीदड़ों का झुंड खेत में आ गया और उन पर हमला कर दिया। एक गीदड़ ने उनके पैर को काटकर मांस तक उखाड़ दिया और मौके से भाग गया। इस हमले में गुलबीर और रामफल समेत अन्य किसान भी घायल हो गए। इसी दौरान एक महिला पर भी गीदड़ों ने हमला किया।
लहचौड़ा गांव के किसान मांगेराम शर्मा ने बताया कि वह सिंचाई के लिए खेत गए थे, तभी एक गीदड़ ने उन पर हमला कर दिया। उन्होंने फावड़े से किसी तरह बचाव किया और पास स्थित नलकूप पर भागकर अपनी जान बचाई।
ग्रामीणों का कहना है कि इलाके में नीलगाय और गीदड़ों सहित जंगली जानवरों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। पहले ये जानवर रात के समय ही दिखाई देते थे, लेकिन अब दिनदहाड़े खेतों और आबादी के पास पहुंच रहे हैं, जिससे किसान लगातार दहशत में हैं और खेती-किसानी का काम प्रभावित हो रहा है।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से इस समस्या के समाधान की मांग की है ताकि किसानों को राहत मिल सके।
पिलाना सीएचसी के अधीक्षक डॉ. सुधीर शर्मा ने बताया कि ऐसे मामलों में तुरंत प्राथमिक उपचार और एंटी रैबीज वैक्सीन लगवाना जरूरी है। उन्होंने ग्रामीणों से सतर्क रहने और किसी भी घटना की तुरंत सूचना देने की अपील की है।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.






















Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.