कासगंज: कोर्ट के आदेश पर BJP सांसद मुकेश राजपूत पर FIR, लूट और हमले के गंभीर आरोप

HIGHLIGHTS
- मामला सेवानिवृत्त प्रधानाचार्य लक्ष्मण सिंह की शिकायत पर दर्ज किया गया है।
- शिकायत में घर में घुसकर हमला, लूट और तोड़फोड़ के आरोप लगाए गए हैं।
- कोर्ट के निर्देश के बाद थाना सहावर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की।
कासगंज: एमपी-एमएलए कोर्ट के आदेश के बाद थाना सहावर पुलिस ने फर्रुखाबाद सांसद मुकेश राजपूत समेत 38 नामजद और 50 अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। मामले में बलवा, लूट, घर में घुसकर जानलेवा हमला करने जैसी गंभीर धाराएं लगाई गई हैं।
यह मुकदमा गांव लक्ष्मीपुर निवासी सेवानिवृत्त प्रधानाचार्य लक्ष्मण सिंह की तहरीर पर दर्ज किया गया है। इसमें सांसद मुकेश राजपूत, उनकी बहन रीना राजपूत, पत्नी सौभाग्यवती, बेटों और सुरक्षा गार्डों समेत अन्य लोगों को आरोपी बनाया गया है।
शिकायतकर्ता ने लगाए गंभीर आरोप
लक्ष्मण सिंह के अनुसार, उनका तीन मंजिला मकान अवंतीबाई नगर में स्थित है। उनके बेटे रवींद्र कुमार की शादी रीना राजपूत से हुई थी, जो सांसद मुकेश राजपूत की बहन हैं।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि शादी के बाद से ही रीना राजपूत अपने भाई के प्रभाव का इस्तेमाल कर परिवार पर दबाव बनाती थीं। लक्ष्मण सिंह का आरोप है कि करीब एक साल पहले सांसद और उनके सहयोगियों ने मकान की दुकान पर जबरन कब्जा करवा दिया था और रवींद्र कुमार के साथ मारपीट कर उसे घर से निकाल दिया गया था।
घर घेरने और लूटपाट का लगाया आरोप
शिकायत के मुताबिक, 7 सितंबर 2025 को रीना राजपूत ने विवाद के बाद एक फर्जी वीडियो बनवाकर अपने मायके फोन किया। आरोप है कि उसी दिन शाम करीब 8 बजे सांसद के कहने पर दर्जनों हथियारबंद लोगों ने घर को घेर लिया।
शिकायतकर्ता के अनुसार, डर के कारण परिवार के अन्य सदस्य घर से निकल गए, जबकि बुजुर्ग लक्ष्मण सिंह पहली मंजिल पर फंस गए। आरोप है कि हमलावरों ने कटर से लोहे के दरवाजे और ताले काट दिए। लक्ष्मण सिंह ने रातभर अपनी लाइसेंसी रायफल से खुद को बचाया और पुलिस को फोन करते रहे।
पुलिस पर भी लगाए आरोप
लक्ष्मण सिंह ने आरोप लगाया कि सांसद के राजनीतिक प्रभाव के कारण पुलिस ने उनकी मदद नहीं की। शिकायत के अनुसार, 8 सितंबर की सुबह पुलिस उनके बेटे राजेश को पकड़कर ले गई और रायफल जब्त कर उसका चालान कर दिया।
आरोप है कि जब कैंसर पीड़ित बेटी प्रीति और पत्नी जानकी देवी घर पहुंचीं तो आरोपियों ने उनके साथ लाठी-डंडों से मारपीट की। इसके बाद घर की अलमारियों और बक्सों के ताले तोड़कर सामान ले जाने का आरोप लगाया गया।
लाखों रुपये और दस्तावेज ले जाने का आरोप
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि आरोपी करीब 50 लाख रुपये, आभूषण, मकान के बैनामे, मुकदमे से जुड़े दस्तावेज, चेकबुक, पासबुक और शैक्षणिक प्रमाण पत्र ले गए।
इसके अलावा सबूत मिटाने के लिए घर में लगे सीसीटीवी कैमरे तोड़ने और डीसीआर ले जाने का भी आरोप लगाया गया है। शिकायत के अनुसार, पत्नी और बेटी किसी तरह वहां से निकलकर अपने पैतृक गांव लक्ष्मीपुर पहुंचीं, लेकिन आरोप है कि वहां भी उनके साथ मारपीट की गई।
कोर्ट के आदेश पर दर्ज हुई FIR
लक्ष्मण सिंह का कहना है कि शिकायत के बाद पुलिस ने कार्रवाई नहीं की, जिसके बाद उन्होंने अदालत का रुख किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए कोर्ट ने थाना सहावर को प्राथमिकी दर्ज कर निष्पक्ष जांच करने के निर्देश दिए थे।
इन लोगों के खिलाफ दर्ज हुई प्राथमिकी
प्राथमिकी में फर्रुखाबाद सांसद मुकेश राजपूत, उनकी पत्नी सौभाग्यवती, पुत्र अर्पित और अंकित, दो सुरक्षा गार्ड, बहन रीना राजपूत, भाई राकेश, दिनेश उर्फ नन्हे, संजीव, सुधाकर प्रधान, ओमसरन वर्मा (भट्टा वाले) समेत कुल 38 नामजद और 50 अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया गया है।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.





















Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.