दिल्ली-देहरादून हाईवे होगा छह लेन, फ्लाईओवर व अंडरपास के लिए 419 करोड़ मंजूर

मुजफ्फरनगर: दिल्ली से देहरादून को जोड़ने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग को अब चार से छह लेन तक विस्तारित करने की तैयारी शुरू हो गई है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) इस परियोजना के लिए डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार कर रहा है। इस बीच केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने हाईवे पर फ्लाईओवर और अंडरपास निर्माण के लिए 419.47 करोड़ रुपये के बजट को स्वीकृति दे दी है। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने स्वयं सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर इसकी जानकारी साझा की है।
करीब 250 किलोमीटर लंबे इस राष्ट्रीय राजमार्ग के कई हिस्सों को वर्ष 2009 में चार लेन में बदला गया था। बीते वर्षों में यातायात का दबाव लगातार बढ़ने के कारण इसे छह लेन करने की आवश्यकता महसूस की जा रही थी। इसी को लेकर एनएचएआई ने पहले ही मंत्रालय को प्रस्ताव भेजा था, जिसे अब मंजूरी मिल गई है।
फ्लाईओवर और अंडरपास बनने से सड़क हादसों में कमी आने की उम्मीद है, वहीं इससे ग्रामीण क्षेत्रों के विकास को भी गति मिलेगी। मंत्रालय ने इस परियोजना को हरी झंडी देते हुए पहले चरण में लगभग 70 किलोमीटर के हिस्से पर कार्य शुरू करने की अनुमति दी है, जिसका सर्वे एक निजी कंपनी द्वारा किया जा रहा है।
इस परियोजना को आगे बढ़ाने में जनप्रतिनिधियों की अहम भूमिका रही है। वर्ष 2021 में तत्कालीन केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ. संजीव बालियान ने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी को पत्र लिखकर हाईवे के चौड़ीकरण और सुरक्षा सुधार की मांग उठाई थी। इसके बाद 2023 में भी उन्होंने इस विषय को दोबारा उठाया था, जिस पर मंत्रालय की ओर से सकारात्मक आश्वासन मिला।
वहीं कौशल विकास राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल ने भी केंद्रीय मंत्री से मुलाकात कर मुजफ्फरनगर बाईपास और अन्य खतरनाक कटों पर फ्लाईओवर व अंडरपास निर्माण की मांग रखी थी। खासतौर पर बिलासपुर कट सहित कई स्थानों पर लगातार हो रही दुर्घटनाओं का हवाला देते हुए सड़क सुरक्षा उपायों पर जोर दिया गया था।
राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने बताया कि इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत मुजफ्फरनगर बाईपास, वहलना बाईपास और संधावली कट पर छह लेन फ्लाईओवर बनाए जाएंगे। इसके साथ ही सर्विस रोड और सहायक मार्गों का भी विकास किया जाएगा। दुर्घटना संभावित स्थलों यानी ब्लैक स्पॉट्स पर वाहन अंडरपास का निर्माण भी प्रस्तावित है।
एनएचएआई द्वारा दिल्ली–देहरादून हाईवे को ‘मॉडल हाईवे’ के रूप में विकसित करने की योजना बनाई गई है, जिसके तहत मेरठ–मुजफ्फरनगर सेक्शन के सुधार और उन्नयन का कार्य किया जा रहा है। डॉ. संजीव बालियान के अनुसार, छह लेन विस्तार की प्रक्रिया वर्ष 2021 से चल रही थी और अब बजट जारी होने के बाद परियोजना को गति मिलेगी।
दिल्ली–देहरादून हाईवे पर प्रमुख दुर्घटना संभावित स्थल:
पीनना तिराहा
बागोवाली चौराहा
रथेड़ी कट
बिलासपुर कट
पचेंडा फ्लाईओवर
रामपुर तिराहा
चीतल कट (खतौली)
मंसूरपुर तिराहा
बेगराजपुर मेडिकल कॉलेज
देवराणा होटल कट
जड़ौदा स्टैंड
केएफसी होटल–फुलत हाईवे (खतौली)
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