इंदिरा गांधी की पुण्यतिथि पर राहुल गांधी की भावुक पोस्ट, दादी से मिले ‘खूबसूरत तोहफे’ को किया याद

HIGHLIGHTS
- उन्होंने एक्स पर बचपन की याद साझा करते हुए उपनिषद का मंत्र पोस्ट किया।
- यह मंत्र बृहदारण्यक उपनिषद से लिया गया है।
- राहुल ने इसे अपनी दादी की ओर से मिला अनमोल उपहार बताया।
अपनी दादी और पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की पुण्यतिथि पर कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने शनिवार को बचपन की एक याद साझा की। उन्होंने उपनिषदों के उस मंत्र को याद किया, जिसे इंदिरा गांधी उनसे बचपन में दोहराने के लिए कहती थीं। राहुल गांधी ने इस मंत्र को अपनी दादी की ओर से मिला एक 'खूबसूरत तोहफा' बताया।
राहुल गांधी ने सफदरजंग रोड स्थित इंदिरा गांधी के स्मारक शक्ति स्थल-1 पहुंचकर उन्हें पुष्पांजलि अर्पित की। इसके बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट साझा करते हुए उन्होंने लिखा, 'आपकी गोद में बैठा हूं। आपके दोनों हाथ थामे हुए हूं। आपकी आवाज में ये शब्द सुन रहा हूं। आपके पीछे-पीछे इन्हें दोहरा रहा हूं। असतो मा सद्गमय; तमसो मा ज्योतिर्गमय; मृत्योर्मा अमृतं गमय; ॐ शांति, शांति, शांति।'
राहुल गांधी ने आगे लिखा, 'दादी, आपने मुझे कितना खूबसूरत तोहफा दिया है। क्या कमाल का तोहफा है। मैंने कभी सोचा भी नहीं था।'
बृहदारण्यक उपनिषद से लिया गया है मंत्र
राहुल गांधी ने जिस मंत्र को साझा किया, वह बृहदारण्यक उपनिषद से लिया गया है। इसका भाव एक ऐसी प्रार्थना से जुड़ा है, जिसमें असत्य से सत्य, अंधकार से प्रकाश और मृत्यु से अमरता की ओर जाने की कामना की गई है।
प्रियंका गांधी ने भी दादी को किया याद
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने भी अपनी दादी इंदिरा गांधी को याद किया। उन्होंने बचपन की एक तस्वीर साझा करते हुए इंदिरा गांधी का वर्णन किया। प्रियंका ने लिखा, 'आसमान की तरह मुक्त, समंदर की तरह गहरी, धरती की तरह अडिग और जलती हुई आग से भी अधिक तेजस्वी।'
भारत की पहली और एकमात्र महिला प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की 31 अक्टूबर 1984 को नई दिल्ली में उनके ही अंगरक्षकों ने हत्या कर दी थी। उन्होंने जनवरी 1966 से मार्च 1977 तक और फिर जनवरी 1980 से अपनी मृत्यु तक देश के प्रधानमंत्री पद की जिम्मेदारी संभाली थी।
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