पीएम मोदी ने शेयर किया ‘आशीर्वाद का दीया’ म्यूजिक वीडियो, कलाकारों का जताया आभार

HIGHLIGHTS
- गीत का विमोचन गुरुवार को प्रधानमंत्री के जन्मदिन के अवसर पर किया गया।
- अमन पंत और स्नेहा शंकर ने इसे पीएम मोदी के सफर से प्रेरित बताया।
- कलाकारों ने 17 सितंबर को प्रतीकात्मक रूप से दीया जलाने की अपील की।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज अपना 76वां जन्मदिन मना रहे हैं। इस मौके पर देशभर से उन्हें बधाई और शुभकामनाएं मिल रही हैं। इसी बीच प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर पार्टी की ओर से 'आशीर्वाद का दीया' अभियान शुरू किया गया है। वहीं, इस खास अवसर पर कलाकारों ने पीएम मोदी को एक गीत भी भेंट किया है।
वीडियो में क्या है?
संगीतकार अमन पंत और स्नेहा शंकर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन में 25 वर्ष पूरे होने के मौके पर 'आशीर्वाद का दिया' नाम से एक गीत जारी किया है। इस गीत का विमोचन गुरुवार को प्रधानमंत्री के 76वें जन्मदिन के अवसर पर किया गया।
अमन पंत और स्नेहा शंकर ने सोशल मीडिया पर बताया कि वे प्रधानमंत्री मोदी के सार्वजनिक जीवन को देखते हुए बड़े हुए हैं। उन्होंने इस गीत को प्रधानमंत्री के सफर से प्रेरित श्रद्धांजलि बताया है। यह गीत मोदी के जन्मदिन के साथ सार्वजनिक सेवा के 25 वर्षों के मील के पत्थर से भी जुड़ा है।
गीतकारों ने इसे सोशल मीडिया पर साझा करते हुए नागरिकों से 17 सितंबर को प्रतीकात्मक रूप से दीया जलाने की पहल में शामिल होने की अपील की।
पीएम मोदी ने म्यूजिक वीडियो पर क्या कहा?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस खास गीत को सोशल मीडिया पर साझा किया और म्यूजिक वीडियो के लिए आभार जताया। उन्होंने लिखा कि कुछ भावनाएं हमेशा बेहद खास होती हैं। 'आशीर्वाद का दीया' भी स्नेह की ऐसी ही अभिव्यक्ति है, जिसने उन्हें गहराई से छुआ है।
पीएम मोदी ने आगे कहा कि हर आशीर्वाद उन्हें भारत की और अधिक समर्पण के साथ सेवा करने के संकल्प को मजबूत करता है।
यह गीत ऐसे समय में जारी किया गया है, जब भारतीय जनता पार्टी ने अपना एक महीने का 'सेवा संकल्प अभियान' शुरू किया है। यह अभियान 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलेगा। इसके तहत सेवा और जनसंपर्क से जुड़े कई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
भाजपा ने क्या एलान किया है?
भाजपा ने घोषणा की है कि इस अभियान के तहत घरों में दीये जलाए जाएंगे। इस पहल का उद्देश्य प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक सेवा में बिताए वर्षों को चिह्नित करना है।
25 वर्षों की लोक सेवा का यह मील का पत्थर प्रधानमंत्री मोदी के राजनीतिक करियर से जुड़ा है, जिसमें गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में उनका कार्यकाल और उसके बाद प्रधानमंत्री के रूप में उनका कार्यकाल शामिल है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहली बार 2001 में गुजरात के मुख्यमंत्री बने थे और इसके बाद 2014 में प्रधानमंत्री बने।





























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