ब्रॉड पीक पर हिमस्खलन में पर्वतारोही निर्मल पुर्जा की मौत, दो साथियों ने भी गंवाई जान

HIGHLIGHTS
- ब्रॉड पीक पर हिमस्खलन में प्रसिद्ध पर्वतारोही निर्मल पुर्जा की मौत हुई।
- हादसे में उनके साथी पुर बहादुर गुरुंग और निमा शेर्पा ने भी जान गंवाई।
- निर्मल पुर्जा ने 2019 में 14 सबसे ऊंची चोटियों को रिकॉर्ड समय में फतह किया था।
इस्लामाबाद। दुनिया के प्रसिद्ध पर्वतारोही निर्मल निम्स पुर्जा की पाकिस्तान और चीन की सीमा पर स्थित दुनिया की 12वीं सबसे ऊंची चोटी ब्रॉड पीक पर आए हिमस्खलन में मौत हो गई है। उनके एडवेंचर ग्रुप ‘एलीट एक्सपेड’ ने इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए इसकी आधिकारिक जानकारी दी है।
जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार को ब्रॉड पीक के वेस्ट रिज रूट पर करीब 21,600 से 21,850 फीट की ऊंचाई पर एक बड़ा हिमस्खलन हुआ था। इस हादसे के बाद निर्मल पुर्जा और उनके साथ पांच अन्य पर्वतारोही लापता थे।
शनिवार को सामने आई रिपोर्ट्स में पुष्टि हुई कि इस हादसे में निर्मल पुर्जा और उनके कुछ साथी जीवित नहीं बच सके।
साथी पर्वतारोहियों की भी हुई मौत
एलीट एक्सपेड ने अपने संदेश में बताया कि इस दुखद हादसे में निर्मल पुर्जा के अलावा उनके भरोसेमंद साथी और गाइड पुर बहादुर गुरुंग और निमा शेर्पा का भी निधन हो गया।
कंपनी ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। साथ ही लोगों से दिवंगतों के परिवारों की निजता का सम्मान करने की अपील की है।
कौन थे निर्मल पुर्जा?
निर्मल पुर्जा ब्रिटेन की स्पेशल बोट सर्विस (SBS) और गोरखा रेजिमेंट के पूर्व सैनिक रह चुके थे। उन्होंने वर्ष 2019 में दुनिया की 14 सबसे ऊंची चोटियों, जिनकी ऊंचाई 8,000 मीटर से अधिक है, को केवल 6 महीने और 6 दिन में फतह कर इतिहास बनाया था।
वह उस 10 सदस्यीय नेपाली टीम का हिस्सा थे, जिसने पहली बार सर्दियों के मौसम में K2 चोटी पर सफलतापूर्वक चढ़ाई की थी।
उनके जीवन और ‘प्रोजेक्ट पॉसिबल’ पर आधारित नेटफ्लिक्स डॉक्यूमेंट्री ‘14 पीक्स: नथिंग इज इंपॉसिबल’ ने उन्हें दुनियाभर में पहचान दिलाई।
निर्मल पुर्जा ने अपनी मेहनत, नेतृत्व क्षमता और उपलब्धियों के जरिए दुनियाभर के लाखों लोगों को अपने सपनों को पूरा करने और मुश्किलों का सामना करने की प्रेरणा दी। उनके निधन को पर्वतारोहण जगत के लिए बड़ी क्षति माना जा रहा है।
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