भाजपा ने उठाया कश्मीरी हिंदुओं की लक्षित हत्याओं का मुद्दा, फारूक पर जांच की मांग

HIGHLIGHTS
- भाजपा ने फारूक अब्दुल्ला की भूमिका की जांच की मांग की।
- कश्मीरी हिंदुओं की लक्षित हत्याओं का मुद्दा उठाया गया।
- भाजपा ने पूर्व मुख्यमंत्री की जिम्मेदारी पर सवाल उठाए।
जम्मू। प्रदेश भारतीय जनता पार्टी ने कश्मीर में अल्पसंख्यक समुदाय के खिलाफ हुई हिंसा और कश्मीरी हिंदुओं की लक्षित हत्याओं के मामलों में नेशनल कॉन्फ्रेंस नेता फारूक अब्दुल्ला की भूमिका की जांच उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश से कराने की मांग की है।
प्रदेश भाजपा प्रवक्ता गिरधारी लाल रैना ने इस मुद्दे को उठाते हुए कहा कि फारूक अब्दुल्ला के मुख्यमंत्री रहने के दौरान कश्मीरी हिंदुओं को निशाना बनाया गया था। उस समय पुलिस और एकीकृत सुरक्षा व्यवस्था भी उनके अधिकार क्षेत्र में थी। ऐसे में उस दौरान हुई घटनाओं के लिए उनकी क्या जिम्मेदारी बनती है, यह भी सामने आना चाहिए।
भाजपा नेता ने कहा कि कश्मीरी हिंदुओं को मिल रही धमकियों को लेकर सवाल उठाने वाले फारूक अब्दुल्ला को अपने पुराने कार्यकाल को भी याद करना चाहिए।
रैना ने कहा कि फारूक अब्दुल्ला अपने कार्यकाल के दौरान कश्मीर में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय के खिलाफ हुई लक्षित हिंसा और उन परिस्थितियों की अनदेखी नहीं कर सकते, जिनके चलते बड़ी संख्या में कश्मीरी हिंदुओं को घाटी छोड़कर पलायन करना पड़ा था।
उन्होंने कहा कि कश्मीरी हिंदुओं की लक्षित हत्याओं से जुड़े लंबित मामलों और न्याय की फिर से उठ रही मांग से वे लोग असहज हैं, जो इतिहास के इन दर्दनाक अध्यायों को दबाए रखना चाहते हैं। भाजपा ने यह सवाल भी उठाया कि आतंकवाद और पाकिस्तान प्रायोजित अलगाववाद का शिकार आम कश्मीरी हिंदू ही क्यों बने, जबकि दशकों तक सत्ता में रहने वाले राजनीतिक दल सुरक्षित रहे।
भाजपा ने कहा कि कश्मीरी हिंदू समुदाय को राजनीतिक उपदेश की जरूरत नहीं है। उन्हें सत्य, न्याय, जवाबदेही, सम्मान और सुरक्षा के साथ अपनी मातृभूमि लौटने का अधिकार चाहिए।
पार्टी ने उपराज्यपाल प्रशासन और संबंधित जांच एजेंसियों से कश्मीरी हिंदुओं के उत्पीड़न, लक्षित हत्याओं और विस्थापन से जुड़े सभी विश्वसनीय आरोपों की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने की मांग की है। भाजपा ने कहा कि कोई भी राजनीतिक परिवार, पूर्व मुख्यमंत्री या प्रभावशाली व्यक्ति कानून से ऊपर नहीं हो सकता। कश्मीरी हिंदुओं की त्रासदी से जुड़ा सच सामने आना चाहिए।
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